अजीमुल्ला अंसारी के घर से किशोरी को लेकर भोला साव कहीं दूर ले जाने की बात कर निकला था। चूंकि आरोपियों ने हत्या की सुपारी ले ली थी, इसलिए जलाल अंसारी, जिन्न्त हुसैन व अजीमुल्ला ने उनका पीछा किया और रमकंडा के जंगल में दोनों को घेर लिया। हत्या को अंजाम देने के लिए शगीर अंसारी व इकबाल अंसारी को बुलाया गया था। शगीर अंसारी द्वारा कैश नामक शिक्षक से मदद मांग उसकी स्कार्पियो के चालक पहलवान को भी इस षडयंत्र में शामिल किया गया। रमकंडा जंगल से हथियार के बल पर दोनों को बारेसांड़ थाना के सुगाबांध जलप्रपात के पास ले जाया गया था।