परियोजना पर काम कर रही सरकारी संस्था नॉर्वेजियन पब्लिक रोड्स एडमिनिस्ट्रेशन का लक्ष्य 2050 तक इसका निर्माण पूरा करना है। अगर ये सुरंग तैयार हो गई तो वाकई ये किसी अजूबे से कम नही होगा। नार्वे यदि इस परियोजना में सफल हो जाता है तो वह विशव का पहला ऐसी सुरंग बनाने वाला देश हो जाएगा। चीन, दक्षिण कोरिया, इटली और इंडोनेशिया भी इस परियोजना पर काम कर रहे हैं।