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Shani Dev: साल 2024 में नहीं बदलेगी शनि की चाल, इन 4 राशियों पर हमेशा रहेंगे शनिदेव मेहरबान

Thu, 23 Nov 2023 01:35 PM IST
विनोद शुक्ला ज्योतिष डेस्क, अमर उजाला

सार

वैदिक ज्योतिष शास्त्र के अनुसार हर एक व्यक्ति के जीवन में कभी न कभी शनि की साढ़ेसाती जरूर लगती है। शनिदेव कुछ राशि के जातकों पर हमेशा मेहरबान रहते हैं। 
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shani sade sati : मकर, कुंभ और मीन राशि पर शनि की साढ़ेसाती चल रही है। - फोटो : अमर उजाला
Shani Dev: जल्द ही नया साल 2024 शुरू होने वाला है। वैदिक ज्योतिष शास्त्र में ग्रहों की चाल का विशेष महत्व होता है। ग्रह-नक्षत्रों की चाल का प्रभाव पूरे साल सभी राशियों के जातकों पर रहता है। आपको बता दें कि शनि साल 2024 में बिना राशि परिवर्तन करें कुंभ राशि में ही पूरे साल विराजमान रहेंगे। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार शनिदेव को कर्मफलदाता और न्याय का देवता माना गया है और व्यक्ति को उसके कर्मों के अनुसार ही फल प्रदान करते हैं। वैदिक ज्योतिष शास्त्र के अनुसार हर एक व्यक्ति के जीवन में कभी न कभी शनि की साढ़ेसाती जरूर लगती है। जिन जातकों के ऊपर शनि की साढ़ेसाती या फिर ढैय्या लगी हुई होती है उन्हें कई तरह की शारीरिक, मानसिक और आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ता है। 

शनि किसी भी राशि में करीब ढाई वर्षों तक रहते हैं क्योंकि ये बहुत ही मंद गति से चलने वाले ग्रह होते हैं। साल 2024 में शनि का राशि परिवर्तन नहीं होगा जिस कारण से शनि पूरे साल कुंभ राशि में ही विराजमान रहेंगे। वैदिक ज्योतिष शास्त्र के अनुसार कुछ ऐसी राशियां होती हैं जिनके ऊपर शनिदेव हमेशा ही मेहरबान रहते हैं। शनिदेव इन राशि वालों पर अपनी विशेष कृपा रखते हैं और अगर इनके ऊपर अगर शनि की साढ़ेसाती या ढैय्या चल रही हो तो भी इन पर ज्यादा प्रभाव नहीं रहता है। आइए जानते हैं शनिदेव किन-किन राशियों पर मेहरबान रहते हैं। 
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rashi - फोटो : अमर उजाला
वृषभ राशि 
वृषभ राशि के जातकों पर शनि की विशेष कृपा रहती है। वृषभ राशि के स्वामी ग्रह शुक्रदेव होते हैं और शुक्र का संबंध शनि के साथ मित्रता का होता है। ऐसे में शनिदेव वृषभ राशि के जातकों के ऊपर ज्यादा अपनी पैनी नजर नहीं रखते हैं। वृषभ राशि के जातकों पर शनि की साढ़ेसाती या ढैय्या का प्रभाव बहुत ही कम होता है। शुभ स्थिति होने पर शनिदेव इन्हें कई तरह के लाभ प्रदान करते हैं। शनि के वृषभ राशि में शुभ रहने पर व्यक्ति उच्च पदों का हासिल करता है। 
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rashi - फोटो : अमर उजाला
तुला राशि
तुला राशि पर शनि की शुभ द्दष्टि हमेशा ही बनी रहती है क्योंकि इस राशि में शनि देव उच्च के होते हैं। शनि की अशुभ द्दष्टि, शनि की साढ़ेसाती और ढैय्या तब तक तुला राशि के जातकों पर प्रभावशाली नहीं होती जब तक जातक की कुंडली में दूसरे किसी ग्रह की अशुभ द्दष्टि न हो। इस राशि के जातकों पर शनिदेव बहुत ही मेहरबान होते हैं इसलिए इन्हें जल्दी ही किसी कार्य में बड़ी और अच्छी सफलता हासिल हो जाती है। इन राशि के जातकों को राजपाठ जैसे सुख प्राप्त होता है। समाज में अच्छा मान-सम्मान और धन-दौलत और वैभव की प्राप्ति होती है।

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rashi - फोटो : अमर उजाला
मकर राशि
वैदिक ज्योतिष शास्त्र के अनुसार मकर राशि के स्वामी ग्रह शनिदेव होते हैं। ऐसे में शनिदेव की विशेष कृपा इस राशि के जातकों के ऊपर बनी रहती है। मकर राशि के जातकों के ऊपर शनि की साढ़ेसाती और ढैय्या का अशुभ प्रभाव बहुत ही कम होता है। शनि देव की स्वंय की राशि होने की वजह से इन राशि वालों को जीवन में बहुत ही कम कष्ट मिलते हैं और जीवन में अच्छा मुकाम हासिल करते हैं। 
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rashi - फोटो : अमर उजाला
कुंभ राशि
मकर राशि के अलावा कुंभ राशि के स्वामी भी शनिदेव हैं। ऐसे में कुंभ राशि के लोगों के ऊपर शनिदेव की विशेष कृपा रहती है। शनिदेव कुंभ राशि में मूल त्रिकोण की राशि है जिसके कारण शनिदेव कुंभ राशि में रहते हुए बहुत मजबूत होते हैं। कुंभ राशि शनिदेव की प्रिय राशियों में एक राशि होती है। इन राशि के जातकों के ऊपर शनिदेव की विशेष कृपा रहती है। 

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