महात्मा गांधी नरेगा के तहत साल में सौ दिन रोजगार की योजना में कार्यरत श्रमिकों की मजदूरी दर में सरकार ने संशोधन किया है।
इसके तहत अगले महीने से मनरेगा मजदूरों को नई दरों के तहत भुगतान किया जाएगा। संशोधित नई दरों में सर्वाधिक लाभ हरियाणा के श्रमिकों को मिलेगा।
हरियाणा में मनरेगा श्रमिकों की मजदूरी 214 रुपये और सबसे कम मजदूरी उत्तराखंड में 132 रुपये रोजाना की दर से तय की गई है। ग्रामीण विकास मंत्री जयराम रमेश ने बताया कि केंद्र ने एक अप्रैल से मनरेगा श्रमिकों की मजदूरी में संशोधन किया है।
इसके अलावा बिहार व झारखंड (138 रुपये), यूपी (142 रुपये), मध्य प्रदेश व छत्तीसगढ़ (146 रुपये), ओडिशा (143 रुपये), पश्चिम बंगाल (151 रुपये), पंजाब (184 रुपये), जम्मू-कश्मीर (145 रुपये) और राजस्थान के लिए (149 रुपये) रोजाना मजदूरी निर्धारित की गई है।
रमेश के मुताबिक केरल के लिए 180 रुपये, महाराष्ट्र के लिए 162 रुपये, तमिलनाडु के लिए 148 रुपये, गुजरात के लिए 145 रुपये, कर्नाटक के लिए 174 रुपये, आंध्र प्रदेश के लिए 149 रुपये और असम के लिए 142 रुपये तय किए गए हैं।
रमेश के मुताबिक मनरेगा मजदूरी में संशोधन हर साल एक अप्रैल से कृषि श्रमिकों के लिए उपभोक्ता मूल्य सूचकांक से संबद्ध है। मार्च 2011 में सरकार ने इसे उपभोक्ता मूल्य सूचकांक से संबद्ध करते हुए हर साल संशोधन करने का फैसला किया था।