अरविंद केजरीवाल मुख्यमंत्री शीला दीक्षित के खिलाफ दिल्ली विधानसभा चुनाव लड़ेंगे। आम आदमी पार्टी ने यह निर्णय लिया है कि मुख्यमंत्री जिस विधानसभा से उतरेंगी, वहीं से केजरीवाल मैदान में उतरेंगे।
पार्टी ने प्रदेश भाजपा अध्यक्ष विजय गोयल को भी चुनौती दी है कि वो भी केजरीवाल और शीला के खिलाफ चुनावी मैदान में दमखम दिखाएं।
आगामी विधानसभा चुनाव में सीट पर फैसला करने के लिए आयोजित सम्मेलन में आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री से सीधे मुकाबला करने के लिए केजरीवाल के नाम पर मुहर लगा दी।
हालांकि, इसके लिए अरविंद केजरीवाल को नई दिल्ली विधानसभा क्षेत्र के सौ लोगों के हस्ताक्षर लेने होंगे और स्क्रीनिंग कमेटी को बताना होगा कि वो चुनाव कैसे जीतेंगे। वेबसाइट के माध्यम से भी जनता का मत लिया जाएगा। फिर यह तय होगा कि अरविंद चुनाव लड़ेंगे या नहीं।
इस मौके पर अरविंद केजरीवाल ने कहा कि मुख्यमंत्री शीला दीक्षित भ्रष्टाचार की प्रतीक बन गई हैं। पार्टी नवंबर में इस भ्रष्टाचार के पहले खंभे को गिराएगी। 15 साल से मुख्यमंत्री के शासन में जनता बिजली-पानी, महंगाई और भष्टाचार से परेशान है।
केजरीवाल ने भाजपा पर कांग्रेस के साथ मैच फिक्स करने का भी आरोप मढ़ा। उन्होंने कहा कि भाजपा जानबूझकर मुख्यमंत्री के सामने कमजोर उम्मीदवार उतारती है।