यूपी में उझानी कोतवाली परिसर स्थित क्वार्टर की छत से छात्रा को फेंकने के आरोपी सिपाही गौरव टाइटलर ने छात्रा के साथ रेप भी किया था। पीड़ित छात्रा ने विवेचना अधिकारी के सामने ये बयान खुद दिया है।
रेप की बात विवेचना कर रहे कोतवाल देवराज राठी को तब पता लगी, जब उन्होंने 18 जनवरी को सीआरपीसी की धारा 161 के तहत छात्रा के बयान दर्ज किए। अपने बयान में छात्रा ने सिपाही पर रेप का भी आरोप लगाया है। छात्रा ने कहा है कि गौरव उसको अक्सर अपने क्वार्टर पर बुलाकर ब्लैकमेल करता था। 15 जनवरी को ब्लैकमेलिंग का विरोध करने पर सिपाही ने उसे क्वार्टर की छत से फेंक दिया था। बयान में छात्रा ने कई ऐसी बातें और बताईं हैं, जो गौरव की हैवानियत बयां करती हैं। छात्रा के इस बयान के आधार पर गौरव के खिलाफ दौरान विवेचना रेप का मामला शामिल कर पॉक्सो एक्ट भी लगाया गया है।
बता दें कि घटना के बाद छात्रा की मां ने पुलिस के गुमराह करने पर अपने दोनों देवरों के खिलाफ जानलेवा हमले का मामला दर्ज कराया था। बरेली के निजी अस्पताल में भर्ती छात्रा के होश में आने पर बरेली रेंज के डीआईजी आरकेएस राठौर ने उसका बयान लिया था। इसके बाद सिपाही के खिलाफ मामला दर्ज कर उसे जेल भेजने के साथ ही बर्खास्त भी कर दिया गया था।