तीन दिन पहले बंद बोरे में मिले महिला के शव के मामले को पुलिस ने सुलझा लिया है। हत्या के आरोप में पुलिस ने महिला के देवर समेत अन्य को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार देवर ने आपराधिक षड्यंत्र रचकर भाभी की हत्या की थी।
जानकारी के अनुसार देवर ने आपराधिक षड्यंत्र रचते हुए डेढ़ लाख रुपये में भाभी की हत्या की सुपारी पड़ोसी को दी थी। हत्या कराने वाले आरोपियों को कोतवाली पुलिस ने गिरफ्तार कर अंधे कत्ल का पर्दाफाश कर दिया है।
थाना कोतवाली अंतर्गत 11 मार्च को सैकड़ाखेड़ी हाईवे पुलिया के पास सफेद रंग के बोरे में एक महिला का शव पड़े होने की सूचना पुलिस को मिली थी। सूचना पर पुलिस ने मामला पंजीबद्ध कर जांच शुरू की थी। जांच के दौरान मृतका की शिनाख्त पूजा पत्नि अमित अखेपुरिया (30) निवासी फारेस्ट कालोनी गंज सीहोर के रूप में हुई।
प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक मयंक अवस्थी के निर्देशन में हत्या करने वाले अज्ञात आरोपियों की तलाश के लिए टीम गठित की गई थी। जांच में जिला सायबर सेल सीहोर से प्राप्त मृतका पूजा की सीडीआर के आधार पर संदेही देवर अक्षय अखेपुरिया पिता गंगाप्रसाद अखेपुरिया (32) निवासी फारेस्ट कालोनी गंज सीहोर से पूछताछ की गई। पूछताछ में पता चला कि आरोपी अक्षय अखेपुरिया अपनी भाभी पूजा से परेशान होकर अपने घर के सामने रहने वाले हेमंत उर्फ हनी चौहान पिता स्व. महेन्द्र चौहान (18) निवासी फारेस्ट कालोनी गंज सीहोर व उसके दोस्त को पूजा को जान से मारने की सुपारी 1.5 लाख रुपये में दी थी।
नौकरी दिलाने के नाम ले गया अपने साथ
08 मार्च को आरोपी हेमंत उर्फ हनी चौहान मृतका को आंगनबाड़ी में नौकरी दिलाने की बात कहकर अपने साथ यूनिक कैफे सैकड़ाखेड़ी पहुंचा। वहां उसका दोस्त विधि विरुद्ध बालक भी मौजूद था। दोनों पूजा को रूमाल की मदद से दम घोट कर मार दिया। आरोपियों ने मृतका पूजा के हाथ पैर बांध कर सफेद रंग के भप्पू (बोरा) के अंदर डाल कर बंद कर दिया। अगले दिन दोपहर में मृतका के शव को सैकड़ाखेड़ी हाईवे पुलिया के पास फेंक दिया। मृतका का मोबाइल फोन और पर्स मंडी श्मशान के पास झाड़ियों में छिपा दिया।
प्रकरण में सीएसपी निरंजन सिंह राजपूत के नेतृत्व में कोतवाली टीम ने घटना में प्रयुक्त लोहे की गैती, सफेद रंग का रुमाल, सूजा, मृतिका का फोन व पर्श व हरे रंगी रस्सी, खून सन्ना कुर्ता एवं घटना में प्रयुक्त की गई मोटर साईकिल जब्त की है।