ओरिएंट पेपर मिल गेट के सामने जारी विरोध प्रदर्शन
शहडोल जिले के अमलाई स्थित ओरिएंट पेपर मिल में दो दिन पहले काम के दौरान घायल हुए ठेका मजदूर की इलाज के दौरान शनिवार को मौत हो गई। इस घटना के बाद परिजनों ने ओरिएंट पेपर मिल के गेट के सामने शव रखकर विरोध प्रदर्शन किया। प्रबंधन की ओर से कई घंटे तक प्रतिक्रिया नहीं आई तो उनका आक्रोश फूट पड़ा।
घटना के अनुसार ठेका मजदूर रामाधार पाव, निवासी फूनगा, अनुपपुर, लगभग 20 वर्षों से ओरिएंट पेपर मिल में काम कर रहे थे। काम करते समय उनके सिर पर भारी सामान गिर गया जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के तुरंत बाद प्रबंधन ने उन्हें ओपीएम अस्पताल भेजा। उनकी हालत नाजुक देख उन्हें शहडोल मेडिकल कॉलेज भेजा गया। जब तक प्रबंधन ने परिजनों को जानकारी दी, तब तक डॉक्टरों ने उनकी हालत को देखते हुए उन्हें जबलपुर मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया।
प्रबंधन ने परिजनों को घटना की जानकारी दो दिन बाद दी। इससे परिवार में आक्रोश फैल गया। प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाया गया। घायल मजदूर का इलाज करते हुए बीती रात जबलपुर में उनकी मौत हो गई। शनिवार सुबह से परिवार के सदस्य ओरिएंट पेपर मिल के गेट के सामने शव रखकर विरोध प्रदर्शन करते रहे। परिजनों की मांग है कि प्रबंधन और ठेकेदार के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जाए, परिवार को उचित मुआवजा दिया जाए, और एक सदस्य को नौकरी प्रदान की जाए।
मृतक की पत्नी ने विरोध प्रदर्शन के दौरान गेट पर फांसी का फंदा लगाने की कोशिश की और पेट्रोल डालकर आत्मदाह की धमकी दी। मौके पर मौजूद पुलिस ने उसे सुरक्षित बचा लिया। अमलाई थाना प्रभारी जेपी शर्मा ने बताया कि प्रशासनिक अधिकारियों को मामले की जानकारी दे दी गई है। पुलिस की तैनाती की गई है ताकि स्थिति को नियंत्रित किया जा सके। प्रबंधन से बातचीत की कोशिशें जारी हैं, लेकिन अभी तक कोई ठोस समाधान नहीं निकला है।