मध्यप्रदेश के शहडोल जिले में शिकारियों ने जंगली जानवर का शिकार करने के लिए करंट वाली वायर बिछाई थी। इसकी चपेट में आने से एक तेंदुएं की मौत हो गई। पुलिस ने दो लोगों को गिरफ्तार किया है।
शहडोल के वन मंडल अधिकारी (उत्तर) गौरव चौधरी ने बताया कि पूर्ण वयस्क तेंदुएं की लाश ब्योहारी रेंज के खारपा बीट में झाड़ियों में बरामद हुई है। अलर्ट करने पर संजय टाइगर रिजर्व के डॉग स्क्वॉड को सुराग हासिल करने के लिए तैनात किया गया था। शुरुआती जांच में पता चला है कि शिकारियों ने किसी अन्य जानवर को पकड़ने के लिए वायर बिछाई थी। उसकी चपेट में तेंदुआ आ गया और करंट लगने से उसकी मौत हो गई। शिकारियों ने इसके बाद तेंदुएं की लाश को झाड़ियों में ठिकाने लगाया और फरार हो गए। चौधरी ने कहा कि इस मामले में हमने दो लोगों को हिरासत में लिया है। उनसे पूछताछ जारी है। तेंदुआ करीब सात साल का है। ऐसा लग रहा है कि उसकी मौत दो-तीन दिन पहले हुई है।
मध्यप्रदेश में सबसे ज्यादा तेंदुएं
मध्यप्रदेश में देशभर में सबसे ज्यादा तेंदुएं हैं। 2018 में तेंदुओं की गणना की गई थी। इसके हिसाब से मध्यप्रदेश में 3,421 तेंदुएं हैं। दूसरे नंबर पर कर्नाटक है, जहां सिर्फ 1,783 तेंदुएं हैं। पिछले कुछ समय से मध्यप्रदेश में तेंदुओं की मौत चिंता का कारण बना हुआ है। आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार 2021 तक पांच साल में 255 तेंदुओं की मौत हुई थी। यानी हर साल तकरीबन 51 तेंदुएं अकेले मध्यप्रदेश में मारे गए हैं। पिछले साल अगस्त तक 56 से अधिक तेंदुओं की मौत हुई थी। इस साल भी करीब इतने ही तेंदुएं मारे जा चुके हैं।