देवास में दुकानों पर जाकर की गई सर्चिंग।
- फोटो : अमर उजाला
वैक्सीनेशन को लेकर सख्ती का दौर जारी है। मध्यप्रदेश के देवास में अब नई तरह की पहल की जा रही है। सर्चिंग अभियान शुरू किया गया है। किराना दुकानों से लेकर मिठाई दुकानों व मेडिकल स्टोर्स काम करने वाले लोगों को वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट जांचे जा रहे हैं। अगर किसी ने टीका नहीं लगवाया है तो संबंधित प्रतिष्ठान पर कार्रवाई की जाएगी।
दरअसल, वैक्सीनेशन के सेकंड डोज को लेकर जिला प्रशासन, नगर निगम कई तरह के जतन कर रहा है। जागरूकता अभियान चलाए जा रहे हैं तो फोन के माध्यम से लोगों से पूछा जा रहा है कि वैक्सीन लगवाई या नहीं। नगर निगम में आदेश जारी हो गया है कि वैक्सीन लगवाने वालों को ही प्रवेश दिया जाएगा। गेट पर खड़े होकर कर्मचारी वैक्सीन के प्रमाण पत्र जांच रहे हैं। इसके साथ ही अब सर्चिंग अभियान भी शुरू किया गया है। निगम कमर्चारी और खाद्य विभाग की टीम शहर के अलग अलग प्रतिष्ठानों पर चेकिंग के लिए जा रही है। बड़े प्रतिष्ठानों, दवा एजेंसियों, मेडिकल स्टोर्स, किराना दुकान आदि जगहों पर सर्चिंग अभियान चलाया जा रहा है। टीम इन दुकानों पर पहुंचकर पूछ रही है कि कोरोना टीकाकरण के दूसरे डोज की क्या स्थिति है। प्रतिष्ठानों पर कार्य करने वाले कर्मचारियों से पूछताछ भी की जा रही है कि सेकंड डोज लगवाया है या नहीं। टीका नहीं लगवाने की स्थिति में प्रतिष्ठानों पर वैधानिक कार्यवाही की जाएगी। आने वाले दिनों में सार्वजनिक स्थानों एवं वैवाहिक व अन्य सामाजिक कार्यक्रमों में भी सर्चिंग अभियान चलाया जाएगा। इधर, जिला प्रशासन ने यह व्यवस्था भी की है कि ऐसे लोग जो टीकाकरण केन्द्र पर आने में असमर्थ हैं उनको घर जाकर टीका लगाने के इंतजाम भी किए गए हैं।
देवास जिले में अब तक 16 लाख को लगी वैक्सीन
गुरुवार को भी वैक्सीन के सेकंड डोज के लिए अभियान चलाया गया। बुधवार को वैक्सीनेशन महाअभियान में के तहत 50 हजार 210 व्यक्तियों को वैक्सीन लगाई गई। शहरी क्षेत्र में 6 हजार 085, सोनकच्छ में 7 हजार 671, बागली में 8 हजार 232, बरोठा में 7 हजार 772, टोंकखुर्द में 7 हजार 875, खातेगांव में 5 हजार 764 तथा कन्नौद में 6 हजार 811 डोज लगाए गए हैं। जिले में अब तक 16 लाख 30 हजार 112 वैक्सीन की डोज लगाई गई है।