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Sagar News: गलत इलाज या बड़ी लापरवाही? 19 महीने के मासूम की आंखों की रोशनी गई, मचा बवाल

Sat, 27 Jun 2026 10:30 PM IST
सागर ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सागर

सार

सागर जिले की बंडा तहसील में सरकारी स्वास्थ्य व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करने वाला मामला सामने आया है। ग्राम भूसा कमलपुर निवासी इन्द्राज विश्वकर्मा ने आरोप लगाया है कि सिविल अस्पताल बंडा में उनके 19 महीने के बेटे विनय को गलत दवाइयां और इंजेक्शन दिए गए, जिससे उसकी हालत बिगड़ गई।
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सिविल अस्पताल बंडा - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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सागर जिले की बंडा तहसील से सरकारी स्वास्थ्य व्यवस्था पर सवाल खड़े करने वाला एक गंभीर मामला सामने आया है। एक पिता ने बंडा सिविल अस्पताल के डॉक्टर पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाया है। पीड़ित का दावा है कि गलत दवाइयां दिए जाने के कारण उसके 1 साल 7 महीने के बेटे की आंखों की रोशनी हमेशा के लिए चली गई। पीड़ित ने बंडा थाना पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई है और दोषी डॉक्टर के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
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सर्दी और आंख लाल होने पर अस्पताल ले गए थे बच्चा

ग्राम भूसा कमलपुर निवासी इन्द्राज विश्वकर्मा ने पुलिस को दिए आवेदन में बताया कि 29 मई को उनके 19 महीने के बेटे विनय को सर्दी और आंखों में लालिमा की शिकायत थी। वे इलाज के लिए बच्चे को बंडा सिविल अस्पताल लेकर पहुंचे। ओपीडी में पर्ची बनवाने के बाद ड्यूटी पर मौजूद डॉक्टर ने बच्चे की जांच की।

डॉक्टर ने दवाइयां और इंजेक्शन दिया

पीड़ित के अनुसार डॉक्टर ने जांच के बाद बच्चे को एक आई ड्रॉप, पैरासिटामोल सिरप, एक इंजेक्शन और कुछ अन्य दवाइयां दीं। परिजनों का आरोप है कि दवा देने के बाद बच्चे की तबीयत में सुधार होने के बजाय हालत और बिगड़ने लगी।
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सागर से भोपाल एम्स तक चला इलाज

बच्चे की हालत गंभीर होने पर उसे तुरंत जिला अस्पताल सागर रेफर किया गया। सागर में डॉक्टरों ने बच्चे को बेहतर इलाज के लिए हायर सेंटर भेजने की सलाह दी। इसके बाद परिजन बच्चे को लेकर एम्स भोपाल पहुंचे।

एम्स में आंखों की रोशनी जाने की बात सामने आने का दावा

पीड़ित पिता का दावा है कि एम्स भोपाल में जांच के बाद डॉक्टरों ने बताया कि गलत इलाज के कारण बच्चे की आंखों की रोशनी पूरी तरह चली गई है।

पुलिस से कार्रवाई की मांग

इन्द्राज विश्वकर्मा ने अपने आवेदन में बताया कि वह डॉक्टर को चेहरे से पहचानते हैं, लेकिन उनका नाम नहीं जानते। उन्होंने बंडा थाना प्रभारी से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने और संबंधित डॉक्टर तथा जिम्मेदार स्टाफ के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है।

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पुलिस ने शुरू की जांच

बंडा थाना पुलिस ने शिकायत स्वीकार कर मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि शिकायत में लगाए गए आरोपों की जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।

 

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