राजगढ़ में स्थित नदियों के किनारों पर अवैध रूप से रेत खनन का कार्य जोरों पर चल रहा है। इनके खिलाफ योजनाबद्ध तरीके से की जा जाने वाली कार्रवाई भी नाकाफी साबित हो रही है। हालात यह हैं कि एक के बाद एक मामले सामने आने के बाद भी कोई ठोस कार्रवाई नहीं की जा रही है, जिससे रेत माफियाओं के हौसले बुलंद नजर आ रहे हैं।
उसी क्रम में 11 अप्रैल को अवैध रूप से रेत खनन की सूचना पर ब्यावरा डिवीजन के अन्तर्गत आने वाले ब्यावरा सिटी थाना और देहात थाना पुलिस सहित राजगढ़ डिवीजन के अन्तर्गत आने वाले करनवास थाने की पुलिस द्वारा सेमली गांव में स्थित दूधी नदी पर दबिश दी गई। यहां मौके पर ही दो पोकलेन मशीन, एक डंपर और एक पिकअप वाहन के द्वारा अवैध रूप से रेत खनन किया जा रहा था। यहां से तीन थानों की पुलिस को चकमा देकर दोनों पोकलेन मशीन के चालक मौके से फरार हो गए।
पुलिस डंपर चालक और पिकअप वाहन चालक को गिरफ्तार कर दो पोकलेन मशीन, एक डंपर और एक पिकअप वाहन जब्त करके थाने ले आई। पकड़े गए आरोपियो में से एक का नाम रोड़जी सोंधिया और दूसरे का नाम जगदीश यादव होना बताया जा रहा है। मामले में आरोपियों के खिलाफ धारा-379 IPC और खनिज अधिनियम के तहत मामला दर्जकर विवेचना में लिया गया है।
पुलिस का क्या कहना है...
करनवास थाना प्रभारी अजय यादव ने बुधवार को मामले को लेकर बताया, एसडीओपी ब्यावरा के नेतृत्व में तीन थानों की पुलिस के द्वारा थाना क्षेत्र के अन्तर्गत आने वाली दूधी नदी पर अवैध रूप से रेत खनन की सूचना पर दबिश दी गई थी। यहां से दो पोकलेन मशीन चालक मौके से फरार हो गए। एक डंपर और पिकअप वाहन चालक को गिरफ्तार किया गया है। दो पोकलेन मशीन, एक डंपर और एक पिकअप वाहन जब्त की गई है। फरार आरोपियों की तलाश की जा रही है। आरोपियों के खिलाफ धारा-379 IPC और खनिज अधिनियम के तहत मामला दर्जकर विवेचना में लिया गया है।