प्रसूता की मौत, महाराजपुर स्वाथ्य केंद्र पर लापरवाही का आरोप
दिल्ली में मैक्स अस्पताल में जिंदा बच्चे को मृत घोषित करने की घटना बहुत चर्चित हुई थी। अब मध्यप्रदेश के छतरपुर में चिकित्सकीय लापरवाही की घटना सामने आई है। बच्चे को जन्म देने के बाद महिला की तबीयत बिगड़ गई, जहां बिना जांच के उसे मृत घोषित कर दिया गया।
लेकिन जब परिजन उसे घर लेकर आए और अंतिम संस्कार की तैयारियों में जुट गए थे तो मृत घोषित कर दी गई महिला के शरीर में हलचल हो रही थी। इस लापरवाही के बाद मृतक महिला के परिजनों ने अस्पताल में जमकर हंगामा किया।
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मध्यप्रदेश के छतरपुर में वार्ड नंबर 12 कुसमा के रहनेवाले अरविंद अहिरवार की पत्नी भागवती अहिरवार मां बनने वाली थीं। परिजन उन्हें 5 जनवरी को डिलीवरी के लिए महाराजपुर स्वाथ्य केंद्र लेकर आए। वहां भागवती ने बच्ची को जन्म दिया जिसके बाद उनकी तबीयत बिगड़ गई। वह पेट में भयंकर दर्द से छटपटाने लगी। परिजनों का आरोप है कि उन्होंने अस्पताल के चिकित्सकीय कर्मचारियों को इसके बारे में बार-बार बताया लेकिन उन्होंने प्रसूता पर ध्यान नहीं दिया। बाद में डॉक्टरों ने उसे मृत बताकर घर ले जाने को कह दिया।
गमजदा परिवार भागवती के अंतिम संस्कार की तैयारियों में जुट गया। लेकिन जब उन्होंने भागवती के शरीर में हरकत देखी तो उनका माथा ठनक गया। भागवती की सास के अनुसार उनका बेटा अरविंद इंदौर में रहता है। सूचना मिलने पर वह उसी समय घर लौटा था। उसे देखकर भागवती ने आंखें खोली और उसकी आंखों से आंसू निकल रहे थे। यह देखकर वहां मौजूद परिजन चौंक गए और तुरंत सरकारी एंबुलेंस बुलाया।