खरगोन की झिरन्या तहसील स्थित जिला सहकारी केंद्रीय बैंक में एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां एक ऐसे व्यक्ति के बैंक खाते से 30 हजार रुपये निकाल लिए गए, जिसकी मौत करीब 6 साल पहले हो चुकी थी। मामला सामने आने के बाद बैंक की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं।
जानकारी के अनुसार ग्राम पंचायत रेहटफल के रुफाटा निवासी भीमसिंह पिता नाथू का निधन 27 अगस्त 2019 को हो गया था और उनका मृत्यु प्रमाण पत्र भी जारी हो चुका है। इसके बावजूद 27 अक्टूबर 2025 को उनके बैंक खाते से 30 हजार रुपये निकाल लिए गए।
सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि जिस विड्रॉल स्लिप के आधार पर राशि निकाली गई, उस पर भीमसिंह के हस्ताक्षर भी दर्ज हैं। जबकि बैंक नियमों के अनुसार व्यक्ति को पासबुक के साथ स्वयं बैंक पहुंचकर अधिकारी की मौजूदगी में हस्ताक्षर या अंगूठा लगाकर ही राशि निकालनी होती है। करीब चार महीने पहले हुई इस घटना में अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं होने से कई सवाल खड़े हो रहे हैं।
जानें किनकी भूमिका पर है संदेह?
जिस समय खाते से राशि निकाली गई, उस दौरान बैंक में प्रबंधक अब्दुल वहाब शेख, सहायक गणक विक्रम सनोरे और कैशियर विक्रांत सिंह तोमर पदस्थ थे। ऐसे में तीनों कर्मचारियों की भूमिका को लेकर भी संदेह जताया जा रहा है। बैंक प्रबंधक अब्दुल वहाब शेख ने बताया कि मामले की जानकारी वरिष्ठ कार्यालय को पत्र लिखकर दे दी गई है।