जबलपुर में पॉक्सो की विशेष अदालत ने एक नाबालिग के साथ दुष्कर्म करने वाले दो आरोपियों को तिहरे आजीवन कारावास से दंडित किया है। अदालत ने दोनों आरोपियों पर आठ हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। साथ ही पीडि़ता को दो लाख रुपये की मुआवजा प्रदान करने के आदेश दिए है।
अदालत को अभियोजन पक्ष की ओर से बताया गया कि 8 अगस्त 2016 को पीड़िता ने शहपुरा थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। बालमुकुंद पटेल और अमरजीत पटेल का उसके घर आना-जाना था। जब उसके माता-पिता और भाई घर में नहीं थे तब अमरजीत पटेल उसके घर आ जाता था। उसके साथ जबरदस्ती बुरा काम करता था। ऐसा अमरजीत ने उसके साथ 7-8 बार किया। जब वह अपने पापा को टिफिन देने खेत में जाती थी, तब वहां छोटे उर्फ बालमुकुंद पटेल उसके साथ गलत काम करता था। दोनों आरोपियों ने उसके साथ गलत काम किया। इससे वह गर्भवती हो गई। यह बात उसने अपने घर में किसी को नहीं बताई थी। जब वह सुबह दैनिक क्रिया के लिए घर से बाहर गई, तब उसकी डिलीवरी हो गई। वह डर गई और बच्चा छोड़कर आ गई और नहाने लगी। उसने सारी बात माता-पिता और बहन को बताई थी। तब वे लोग बच्चा देखने गए। उससे पहले बच्चे को 108 गाड़ी ले गई थी। शिकायत पर पुलिस ने दुराचार व पॉक्सो एक्ट व एसटी/एससी एक्ट सहित अन्य धाराओं के तहत प्रकरण दर्ज कर अदालत के समक्ष चालान पेश किया। सुनवाई के दौरान पेश किए गए गवाह व साक्ष्यों को मद्देनजर रखते हुए अदालत ने दोनों आरोपी अमरजीत व बालमुकुंद पटेल को तिहरे आजीवन कारावास व जुर्माने से दंडित किया है। मामले में शासन की ओर से अतिरिक्त जिला लोक अभियोजन अधिकारी स्मृतिलता बरकड़े ने पैरवी की।