पंजीयन विभाग में रविवाार को जुटी भीड़।
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नए वित्तिय वर्ष के साथ सोमवार से इंदौर में नई प्राॅपर्टी गाइडलाइन लागू हो जाएगी। इंदौर व आसपास की ढाई हजार लोकेशनों में नई दरों के हिसाब से संपत्तियों के दस्तावेज पंजीकृत होंगे। पंजीयन विभाग ने इन क्षेत्रों में 10 से 80 प्रतिशत तक दरों में बढ़ोतरी की है। खंडवा रोड,सुपर कारिडोर, बायपास, उज्जैन रोड और नेपानिया क्षेत्र की काॅलोनियों में गाइडलाइन बढ़ी है। इसके अलावा इंदौर के आसपास के गांवों में कृषि भूमि की दरों में भी इजाफा हुआ है।
31 मार्च को इंदौर के पंजीयन विभाग में रजिस्ट्री कराने वालों की भीड़ उमड़ी। पंजीयन विभाग को पिछले वित्तीय वर्ष से 16 प्रतिशत अधिक का राजस्व मिला। दस्तावेज में 10 प्रतिशत की बढोतरी भी हुई। इस साल पंजीयन विभाग ने 2415 करोड़ की कमाई की।
इंदौर जिले में 1.75 लाख से अधिक दस्तावेज पंजीकृत हुए। वित्तिय वर्ष के अंतिम दिन रात तक दस्तावजों के पंजीयन कराने वालों की भीड़ पंजीयन कार्यालय में नजर आई। अंतिम दिन हुई 900 रजिस्ट्रियां हुई। इससे पंजीयन विभाग को 15 करोड़ रुपये मिले।
पंजीयन विभाग के इंदौर में चारों कार्यालय मार्च माह में रविवार को छुट्टी के दिन भी खुले रहे,क्योकि मार्च में माह में सबसे ज्यादा दस्तावेज पंजीकृत होते है। वित्तीय वर्ष 2023-24 के मार्च माह में इस बार 22,177 दस्तावेज पंजीकृत हुए। इससे पंजीयन विभाग में 363 करोड़ रुपये का राजस्व जमा हुआ। पिछले साल यह आंकड़ा 309 करोड़ रुपये थे। तब मार्च माह में 20,900 दस्तावेज पंजीकृत हुए थे ।
वरिष्ठ पंजीयक दीपक शर्मा ने बताया कि इस वित्तिय वर्ष में पंजीयन विभाग को 16 प्रतिशत ज्यादा राजस्व मिला है। एक अप्रैल से इंदौर जिले में नई गाइडलाइन भी लागू हो जाएगी। नई दरों के हिसाब से पंजीयन होंगे।