फरवरी माह की शुरुआत कोरोना के लिहाज से राहतभरी रही। जनवरी की शुरुआत में जिस तरह से नए मरीजों की संख्या बढ़ती जा रही थी वह फरवरी में कम हो रही है। लंबे समय बाद शहर में संक्रमितों की संख्या चार सौ से कम हुई है। बीते 24 घंटे में 391 नए कोरोना पॉजिटिव मिले। इसी तरह 16 दिन बाद मौत पर विराम लगा और किसी की मौत नहीं हुई।
दरअसल, जनवरी माह की शुरुआत से ही कोरोना डराने लगा था। सैकड़ों से शुरू हुई मरीजों की संख्या को हजारों तक पहुंचने में देर नहीं लगी। जनवरी का मध्य तो घातक रहा और मरीजों की संख्या तीन हजार के पार पहुंच गई। इस दौरान अस्पतालों में भर्ती मरीजों की संख्या कम रही और अधिकांश होम आइसोलेशन में ही स्वस्थ हुए। कुछ मौते भी हुईं मगर उनको दूसरी गंभीर बीमारियां भी थीं। इसके बाद तीसरी लहर की आशंका ने जोर पकड़ा और यहां तक कहा गया कि मौजूदा हालात के हिसाब से फरवरी के पहले पखवाड़े में कोरोना पीक पर रहेगा और संक्रमितों की संख्या सात हजार तक पहुंच सकती है। इस बात से सभी लोग भयभीत भी थे लेकिन फरवरी की शुरुआत राहतभरी रही। महीने के छह दिनों में मरीजों की संख्या में लगातार गिरावट आई। करीब एक माह बाद नए कोरोना पॉजिटिव की संख्या 400 से कम रही। रविवार रात को जारी बुलेटिन में 391 नए मरीज मिले। इस दौरान किसी की भी मौत नहीं हुई। 15 दिन में यह पहली बार हुआ है जब मौत का आंकड़ा शून्य हुआ है। एक्टिव केस भी घटकर 5500 हो गए हैं। उधर, अस्पतालों में भर्ती मरीजों की संख्या सौ से कम हो गई है।