मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय ने व्यापमं घोटाले मामले में कांग्रेस महासचिव दिग्विजय सिंह द्वारा मुख्य न्यायाधीश को लिखे गए पत्र को याचिका मानकर स्वीकार कर लिया है। अब 7 जुलाई को इस पर सुनवाई होगी।
वहीं दिग्विजय सिंह ने मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर उनके रिश्तेदार (पत्र में साले साहब उल्लेखित) संजय सिंह मसानी और उनकी पत्नी दीप्ति सिंह को अनुचित तरीके से ठेकेदारी के लाइसेंस और ठेके देकर रातोंरात करोड़पति बनाए जाने के आरोप लगाए हैं।
दिग्विजय सिंह ने शनिवार को मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को संबोधित पत्र लिखा है। पत्र में आरोप लगाए हैं कि 21 मई 2008 को मुख्यमंत्री के साले संजय सिंह मसानी की कंपनी नीलाक्ष इंफ्रास्ट्रक्चर प्रा. लि. ने 1 करोड़ 6 लाख रुपए के काम का अनुभव बताते हुए ए-3 कैटेगरी लाइसेंस का आवेदन दिया और उन्हें 50 लाख के सिंगल कार्य का पर्याप्त अनुभव नहीं होने के बाद भी 24 मई 2008 को ही लाइसेंस दे दिया गया।