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Chhatarpur: भूमाफिया ने जीवित महिला को मृत बताकर कराई रजिस्ट्री, एसडीएम से शिकायत के बाद जारी हुआ स्थगन आदेश

Sun, 04 Jun 2023 04:41 PM IST
अर्पित याज्ञनिक न्यूज डेस्क, अमर उजाला, छतरपुर

सार

राजस्व विभाग और पटवारी की मिलीभगत से भू-माफिया ने जीवित महिला को दस्तावेजों में मृत घोषित कराते हुए उसके वारसान से औन-पौने दामों में जमीन की रजिस्ट्री करा ली।
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पीड़ित महिला। - फोटो : Amar Ujala Digital
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विस्तार
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जिले के नौगांव शहर के वार्ड नंबर-4 गायत्री मंदिर के सामने वाले आम रास्ते पर कब्जा कर दीवार बनाने वाले भू-माफिया का एक और कारनामा सामने आया है। बताया गया है कि भू-माफिया ने एक जीवित महिला को राजस्व विभाग और पटवारी की मिलीभगत से दस्तावेजों में मृत घोषित कराते हुए उसके वारसान से औन-पौने दामों में जमीन की रजिस्ट्री कराई है। इस मामले की शिकायत पीड़ित महिला ने एसडीएम से की जिस पर एसडीएम ने मामले को संज्ञान में लेकर स्थगन आदेश जारी किया है।

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यह है मामला
पीड़ित महिला शकुन पत्नी स्व. मलखान यादव निवासी बिलहरी के मुताबिक नौगांव के वार्ड नंबर चार महोबा रोड पर स्थित गायत्री मंदिर के सामने स्थित खसरा नंबर 308, 309 एवं 311 की बेशकीमती भूमि के बारसान अशर्फी, प्रकाश, बत्ती एवं मलखान थे। गुलाब शाह बाबा के पास रहने वाले राजकुमार यादव ने उक्त भूमि अपनी पत्नी ममता यादव के नाम खरीदी गई है। शकुन ने बताया कि उसके पति मलखान की पहली पत्नी शकुन का देहांत होने के बाद उसकी दूसरी शादी हुई थी।

मलखान की दूसरी पत्नी का नाम भी दस्तावेजों में शकुन है। मलखान की पहली पत्नी से कुसुम एवं रचना दो बेटियां हैं, जबकि दूसरी पत्नी से एक पुत्र मंगल व एक पुत्री शोभा है। भू-माफिया ने मलखान की दोनों पत्नियों के नाम शकुन होने का फायदा उठाकर दस्तावेजों में पहली पत्नी शकुन का मृत्यु प्रमाण पत्र लगाकर जीवित पत्नी शकुन को भी मृत दिखा दिया। शकुन के मुताबिक जमीन खरीदी के समय अशर्फी और प्रकाश के बारसान से तो सहमति ली गई, लेकिन बत्ती एवं मलखान के बारसान से सहमति लिए बिना ही फर्जी दस्तावेज एवं सिजरा लगाकर रजिस्ट्री करा ली गई है। इतना ही नहीं रजिस्ट्री के बाद पटवारी और तहसीलदार ने फर्जी दस्तावेजों का अवलोकन किए बिना जमीन का नामांतरण भी कर दिया। गौरतलब है कि इसी जमीन का एक मामला सिविल न्यायालय में भी विचाराधीन है।
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दरअसल भू-माफिया ने जमीन के अन्य वारसान बत्ती यादव का मृत्यु प्रमाण पत्र लगाने के बाद उसके छह वारसानों का सिजरा एवं सहमति न लगाकर सिर्फ तीन बारसान का सिजरा एवं सहमति पत्र लगाया और फर्जी तरीके से रजिस्ट्री करा ली। बत्ती यादव के शेष वारसानों ने भी सिविल न्यायालय में मामला पंजीबद्ध कराया है, जहां पर मामला विचाराधीन है। फिलहाल एसडीएम विनय द्विवेदी ने शकुन यादव की शिकायत पर मामले में केतन जैन पिता कमलेश जैन एवं ममता यादव पत्नी राजकुमार यादव निवासी गुलाब शाह बाबा रोड नौगांव के खिलाफ स्थगन आदेश जारी कर दिया है।

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