मध्य प्रदेश के धार जिले के टूटे कारम डैम के बचे काम का निर्माण आठ माह बाद भी शुरू नहीं हो सका है। डैम के निर्माण के लिए सेंट्रल वॉटर कमीशन (सीडब्ल्यूसी) की टीम का इंतजार किया जा रहा है। टीम को इसी माह की शुरुआत में आना था, लेकिन अब तक टीम कारम डैम नहीं पहुंची है। अब दो माह बाद बारिश शुरू होने से डैम का निर्माण शुरू होने को लेकर संशय की स्थिति बनी हुई है।
जल संसाधन विभाग के अधिकारियों और एजेंसी के निर्माण कार्य में लापरवाही और कोताही बरतने के कारण कारम डैम में अगस्त 2022 में दरार आ गई थी। डैम को फूटने से बचाने के लिए एक हिस्से में कट निकालकर बांध के पानी को निकाला गया था। इसमें जल संसाधन विभाग के 11 अधिकारियों के निलंबन की कार्रवाई की गई थी। वहीं, एएनएस कंपनी को ब्लैकलिस्ट कर दिया गया। हालांकि, बाद में निलंबित दो अधिकारियों को बहाल कर दिया गया।
निर्माण कंपनी का 20 करोड़ का भुगतान रोका
जल संसाधन विभाग ने डैम का निर्माण करने वाली कंपनी को 100 करोड़ रुपये में से 80 करोड़ रुपये का भुगतान पहले ही किया जा चुका है। अभी कंपनी का 20 करोड़ रुपये पर जल संसाधन विभाग ने रोक लिया है। विभाग डैम के टूटे काम को पूरा करने के बाद कंपनी को बकाया भुगतान करेगा।
कंपनी को पूरा करना होगा काम
जल संसाधन विभाग के ईएनसी एमएस डाबर ने कहा कि इस मामले में सभी जांच पूरी हो गई। दोषी अधिकारियों को निलंबित करने की कार्रवाई की जा चुकी है। अब ब्लैकलिस्ट कंपनी को ही टूटे डैम का काम पूरा करना है। यह काम सेंट्रल वॉटर कमीशन की देखरेख में होगा। हम टीम का इंतजार कर रहे हैं।