फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

MP News: यात्रियों की जान बचाने वाले हेड कॉन्स्टेबल को मिला सम्मान, सीएम ने भी की तारीफ

Mon, 27 Oct 2025 05:30 PM IST
आनंद पवार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल

सार

अशोकनगर में बस में लगी भीषण आग के दौरान हेड कॉन्स्टेबल अरविंद रघुवंशी ने 40-45 यात्रियों को सुरक्षित निकालकर सराहनीय कार्य किया।  पुलिस मुख्यालय ने उनकी बहादुरी पर 10,000 रुपये नगद पुरस्कार घोषित किया, जबकि सीएम डॉ. मोहन यादव ने सोशल मीडिया पर उनकी तारीफ की।
 
विज्ञापन
डीजीपी कैलाश मकवाना - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

मध्यप्रदेश पुलिस मुख्यालय ने अशोकनगर जिले के थाना कदवाया में पदस्थ प्रधान आरक्षक अरविन्द रघुवंशी को असाधारण बहादुरी और तत्परता दिखाने पर 10,000 रुपए नगद पुरस्कार देने की घोषणा की है। जानकारी के अनुसार, 25 अक्टूबर 2025 की रात लगभग 7:45 बजे, पिछोर से इंदौर जा रही वीडियो कोच बस में ईसागढ़ के पास अचानक इंजन के पास आग लग गई थी। बस में उस समय करीब 40-45 यात्री सवार थे। बस में मौजूद प्रधान आरक्षक अरविन्द रघुवंशी ने बिना समय गंवाए स्थिति को संभाला। उन्होंने क्लीनर के साथ मिलकर बस का कांच तोड़ा, स्वयं बाहर निकले और एक-एक कर यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकालने में मदद की थी। अंत में वह पीछे जाकर यह सुनिश्चित किया कि बस में कोई भी यात्री शेष न हो।
विज्ञापन


ये भी पढ़ें-  MP News: CM ने जबलपुर में ली संभागीय बैठक,बोले-कानून व्यवस्था को सुदृढ़ करें और नशे के खिलाफ हो सख्त कार्रवाई

उनकी तत्परता, सूझबूझ और साहसिक कदम से बस में सवार सभी यात्रियों की जान बच गई थी। हालांकि, आग इतनी भीषण थी कि पूरी बस बाद में जलकर खाक हो गई, लेकिन किसी भी यात्री को चोट नहीं आई। इस सराहनीय कार्य के लिए पुलिस महानिदेशक कैलाश मकवाणा ने अरविन्द रघुवंशी की सराहना करते हुए उन्हें 10,000 रुपये नगद पुरस्कार देने का आदेश जारी किया है।
विज्ञापन
विज्ञापन


ये भी पढ़ें-  मन की बात: ग्वालियर के डॉग ट्रेनिंग सेंटर में ट्रेंड हो रहे स्वदेशी श्वान,PM बोले- दिखा रहे बहादुरी और साहस

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने भी भी की तारीफ 
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भी प्रधान आरक्षक की सरहाना की है। सोशल मीडिया पर मुख्यमंत्री ने लिखा कि अशोक नगर में पिछले दिनों हुई बस दुर्घटना में यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकालने में प्रधान आरक्षक अरविंद रघुवंशी ने तत्परता दिखाई, वहीं राजगढ़ के पुलिस निरीक्षक भागीरथ शाक्य द्वारा मानवीय संवेदना का परिचय देते हुए त्वरित रूप से दिव्यांग की मदद की गई। प्रत्येक पुलिसकर्मी को संवेदनशील होने के साथ-साथ त्वरित निर्णय लेने में सक्षम और सक्रिय होना चाहिए। दोनों पुलिसकर्मियों ने आवश्यकता होने पर जीवन और सम्मान की रक्षा कर "देशभक्ति-जनसेवा" के भाव को चरितार्थ करते हुए सकारात्मक उदाहरण प्रस्तुत किया है। शासन द्वारा उन्हें सम्मानित किया जाएगा।
 
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें