मध्य प्रदेश में बारिश जारी है। चार अलग-अलग सिस्टम के प्रभाव से बारिश फिलहाल जारी रहेगी। बंगाल की खाड़ी और अरब सागर से मिल रही नमी के प्रभाव से बारिश का मौसम बना हुआ है। अगले 24 घंटों में 13 जिलों में भारी बारिश होने की संभावना है। 12 अक्टूबर के बाद हल्की बारिश का दौर जारी रह सकता है।
मौसम केंद्र की रिपोर्ट कहती है कि बीते 24 घंटों के दौरान प्रदेश के उज्जैन एवं चंबल संभागों के जिलों में अधिकांश स्थानों पर, ग्वालियर एवं इंदौर संभागों के जिलों में अनेक स्थानों पर, भोपाल, नर्मदापुरम, रीवा, जबलपुर एवं सागर संभागों के जिलों में कहीं-कहीं वर्षा दर्ज की गई। पोरसा, मुरैना, सबलगढ़ में 11, मेहगांव में 10, गोरमी, नीमच, धार, गोहद, विजयपुर में 8, अलीपुर में 7, देपालपुर, तिरला, कैलारस, घाटीगांव में 6 सेमी तक पानी गिरा है।
अगले 24 घंटों के लिए मौसम विभाग का पूर्वानुमान बता रहा है कि इंदौर, उज्जैन, भोपाल, नर्मदापुरम, ग्वालियर एवं चंबल संभागों के जिलों में अनेक स्थानों पर, सागर, रीवा, शहडोल, जबलपुर संभागों के जिलों में कुछ स्थानों पर वर्षा या गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं।
मौसम विभाग ने यलो अलर्ट भी जारी किया है। इसके मुताबिक भिंड, मुरैना, श्योपुरकलां, ग्वालियर, दतिया, शिवपुरी, आगर, राजगढ़, धार, अलीराजपुर, बड़वानी, झाबुआ, खरगोन जिलों में कहीं-कहीं भारी बारिश की चेतावनी है। वहीं रीवा, सागर, भोपाल, इंदौर, उज्जैन, ग्वालियर एवं चंबल संभागों के जिलों में तथा नर्मदापुरम, जबलपु, छिंदवाड़ा, बालाघाट एवं मंडला जिलों में कहीं-कहीं बिजली गिरने की आशंका जताई गई है।
मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक प्रदेश में अलग- अलग स्थानों पर बने चार वेदर सिस्टम के असर से बारिश का सिलसिला बना हुआ है। दक्षिणी गुजरात और उसके आसपास हवा के ऊपरी भाग में चक्रवात एक्टिव है। इस चक्रवात से पंजाब तक एक ट्रफ लाइन बनी हुई है, जो राजस्थान के मध्य एवं पंजाब, हरियाणा से होकर गुजर रही है। पाकिस्तान पर दो पश्चिमी विक्षोभ ट्रफ के रूप में बने हुए हैं। इन सिस्टमों के कारण बंगाल की खाड़ी एवं अरब सागर से लगातार नमी मिल रही है। इसी के प्रभाव से बारिश हो रही है।