फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मध्यप्रदेश: उमा भारती से मिले मुख्यमंत्री यादव, पूर्व सीएम बोलीं- मस्जिद बचा सकते हैं तो मंदिर क्यों नहीं?

Mon, 14 Sep 2026 10:25 PM IST
Anand Pawar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल

सार

मुख्यमंत्री मोहन यादव से मुलाकात के बाद पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती ने उज्जैन के खड़े हनुमान मंदिर को लेकर सरकार से जनभावनाओं के सम्मान की उम्मीद जताई। उन्होंने कहा कि धार्मिक स्थलों के मामले में भेदभाव नहीं हो सकता। साथ ही राहुल गांधी, बांदा शराब कांड और अवैध निर्माण को लेकर भी बेबाक बयान दिए।
विज्ञापन
सीएम मोहन यादव ने पूर्व सीएम उमा भारती से की मुलाकात - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव सोमवार शाम पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती से मिलने उनके सरकारी आवास पहुंचे। दोनों के बीच करीब 40 मिनट तक बंद कमरे में बातचीत हुई। मुलाकात के बाद उमा भारती ने इसे राजनीतिक मुलाकात मानने के बजाय शुद्ध भाई-बहन की मुलाकात बताया। इसके बाद उन्होंने उज्जैन के खड़े हनुमान मंदिर से लेकर बंडा शराब कांड तक कई मुद्दों पर अपनी बात रखी। 
विज्ञापन

उज्जैन में खड़े हनुमान की प्रतिमा हटाने के मामले में उमा भारती ने कहा कि उन्हें इसकी जानकारी उज्जैन से निकलने के बाद रास्ते में मिली। उनका कहना था कि अगर उन्हें वहां रहते हुए इस घटनाक्रम की जानकारी होती तो वह खुद खड़े हनुमान जी के सामने जाकर खड़ी हो जातीं। कमर में दर्द के कारण फिलहाल उन्हें बैठने में भी परेशानी हो रही है। इस मंदिर विवाद पर उमा ने कहा कि संवैधानिक व्यवस्था में धार्मिक स्थलों के साथ भेदभाव नहीं किया जा सकता। उनका सवाल था कि अगर मस्जिद को बचाया जा सकता है तो मंदिर को कैसे गिराया जा सकता है? उन्होंने उम्मीद जताई कि सरकार और अधिकारी जनभावनाओं को ध्यान में रखकर फैसला करेंगे। 

ये भी पढ़ें-  एमपी:  MLA अभय मिश्रा के बयान पर भड़के रीवा सांसद, बोले- यौन विकृति से पीड़ित, स्टेपनी चोरी कर शुरू किया सफर
विज्ञापन


राहुल गांधी डोकरा हो गए...
इंदौर में राहुल गांधी के छात्रों की गूंज कार्यक्रम को अनुमति नहीं मिलने के सवाल पर उमा भारती ने उन पर तंज कसते हुए कहा कि राहुल गांधी खुद बूढ़े हो गए हैं, डोकरा हो गए। उन्होंने कहा कि इस उम्र में नाती-पोते हो जाते हैं और युवा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अपना नेता मानेंगे। बंडा शराब कांड पर उमा ने कहा कि अवैध शराब रोकने की जिम्मेदारी केवल पुलिस की नहीं है। पंच-सरपंच से लेकर विधायक और सांसद तक जनप्रतिनिधियों को अपने क्षेत्र में अवैध शराब की जानकारी लेकर पुलिस को बतानी चाहिए। 
विज्ञापन


ये भी पढ़ें-  एमपी: एक IPS, दो जिले और जहरीली शराब कांड... मुरैना के बाद सागर में फिर अनुराग सुजानिया पर क्यों उठ रहे सवाल?

पूर्ण शराबबंदी की ओर बढ़ें
उन्होंने कहा कि शराब जहरीली न हो, तब भी जहरीली होती है और प्रदेश को पूर्ण शराबबंदी की दिशा में ले जाना चाहिए। अवैध निर्माण पर उन्होंने सवाल उठाया कि पांच साल में बनी इमारतें अधिकारियों की नजर से कैसे बच गईं। उनके अनुसार निर्माण के समय तैनात अधिकारियों की जिम्मेदारी भी तय होनी चाहिए। शिवपुरी में शराब दुकानों में तोड़फोड़ करने वाली महिलाओं का समर्थन करते हुए उन्होंने कहा कि सागर का बंडा समस्या है तो शिवपुरी समाधान है।

 
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें