वैसे स्टेट बैंक ऑफ इंडिया की इस ब्रांच का नाम फतेहगढ़ शाखा है... लेकिन इसका फतेहगढ़ इलाके से कोई वास्ता नहीं है। यह बैंक फतेहगढ़ से करीब 2.3 किलोमीटर दूर पॉलिटेक्निक चौराहा पर स्थित है। इस ब्रांच में मनमाने तरीके का एक फरमान जारी किया गया और नियम बना दिया गया, इस ब्रांच के क्योस्क में सिर्फ अन्य बैंकों के चेक ही डिपॉजिट किए जा सकते हैं। इस बैंक के ग्राहकों को चेक जमा करना हों तो कोई और स्थान, ब्रांच या तरीका अपनाएं। नियम बदले और उसके लागू किए जाने में भी सिर्फ एक अधिकारी के तबादले जितना ही अंतर है।
राजधानी भोपाल के पॉलिटेक्निक चौराहा पर मौजूद है हिंदी भवन परिसर। इस परिसर में अन्य सरकारी और गैर सरकारी दफ्तरों के बीच स्टेट बैंक ऑफ इंडिया की एक शाखा भी मौजूद है। शाखा का नाम फतेहगढ़ ब्रांच है। ब्रांच के बाहर ही एटीएम, नगद जमा, पासबुक अपडेट और चेक डिपॉजिट मशीन की मौजूदगी वाला एक कियोस्क मौजूद है। यहां चेक डिपॉजिट मशीन के लिए ताजा नियम लागू किया गया है कि इसमें एसबीआई के अलावा अन्य बैंकों के चेक ही जमा किए जा सकते हैं। इसका मतलब यह निकाला जाना चाहिए कि बैंक से संबंधित ग्राहकों को अपने चेक जमा करने के लिए या तो ब्रांच के खुलने का इंतजार करना होगा या किसी दूसरे क्योस्क की तलाश कर वहां तक दौड़ लगाना पड़ेगी।
मैनेजर बदला, नियम बदले
एसबीआई की इस ब्रांच में अब तक मैनेजर के रूप में कुंजेश कौशिक नामक अधिकारी पदस्थ थे। हाल ही में उनका ट्रांसफर राजधानी की ही अन्य शाखा में हो गया है। बताया जाता है कि पूर्व मैनेजर के कार्यकाल में यह नियम लागू नहीं था। एसबीआई से जुड़े ग्राहकों को यहां अपने अकाउंट में चेक जमा करने की सुविधा उपलब्ध थी। लेकिन नए मैनेजर के साथ आए नए नियमों की जानकारी देने का लापरवाही और अभद्रतापूर्ण तरीका यह है कि कौशिक का काम तरीका और उनके नियम कायदे अब यहां नहीं चलेंगे। अब बदली व्यवस्था है, इन बदलाव के साथ ही बैंक की गतिविधियां संचालित की जाएंगी।
ठगे, ठिठके से ग्राहक
अगस्त माह के दौरान एसबीआई की ग्राहक हुमेरा खान को हस्तशिल्प विकास निगम से 25 हजार की राशि का एक चेक प्राप्त हुआ। सहूलियत के लिहाज से उन्होंने फतेहगढ़ शाखा के क्योस्क में अपना यह चेक डिपॉजिट किया। तीसरे दिन चैक क्लियर होकर पैसा हुमेरा के खाते में पहुंच गया। इसी माह में 31 अगस्त को उन्हें इतनी ही राशि का एक चेक पुनः आया। उन्होंने पिछली प्रक्रिया अपनाते हुए इसी शाखा के कियोस्क में चेक डिपॉजिट कर दिया। लेकिन करीब एक सप्ताह के सन्नाटे के बाद भी न तो चेक क्लियर हुआ और न ही इसकी कोई सूचना हुमेरा को मिली। बैंक कर्मचारी विशाल (विक्की) से संपर्क किया गया तो अभद्रता भरे में उनका लहजा था, कि जो यहां पहले होता रहा, वह अब नहीं होगा। नए नियमों के मुताबिक बैंक चलेगा, क्योस्क से सिर्फ अन्य बैंकों के चैक ही डिपॉजिट होंगे।
मुश्किल यह भी
बैंक टाइम खत्म होने के बाद एसबीआई ग्राहकों को अपने चेक जमा करना मुश्किल भरा है। चेक डिपॉजिट के लिए एसबीआई के अन्य कियोस्क लंबी दूरी पर न्यू मार्केट, इब्राहिमपुरा, स्टेट बैंक चौराहा पर स्थित हैं।
सुविधा के लिए बदली व्यवस्था
स्टेट बैंक ऑफ इंडिया की फतेहगढ़ शाखा के विशाल रघुवंशी का कहना है कि ग्राहक बैंक समय में अपने चेक शाखा में जमा कर सकते हैं। अन्य बैंकों के ग्राहकों की सुविधा के लिए व्यवस्था में बदलाव किया गया है।