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खुलासा: फेफड़ों के अलावा इन अंगों को भी बुरी तरह डैमेज करता है कोरोना, भोपाल एम्स के अध्ययन में दावा

Fri, 09 Jul 2021 08:43 AM IST
प्रशांत कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल

सार

 भोपाल एम्स के अध्ययन में चौंकाने वाला खुलासा सामने आया है। स्टडी में दावा किया गया है कि कोरोना सिर्फ फेफड़ों को डैमेज नहीं करता बल्कि कई अंगों को नुकसान पहुंचाता है।
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शरीर के इन अंगों पर कोरोना का बुरा असर - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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कोरोना संक्रमण सिर्फ हमारे फेफड़ों को संक्रमित नहीं कर रहा है, बल्कि शरीर के कई महत्वपूर्ण अंगों को भारी नुकसान पहुंचा रहा है। किडनी, लिवर, पैंक्रियाज, ब्रेन और हार्ट पर भी इसका बुरा असर दिखने को मिला है। भोपाल एम्स की स्टडी में इसका खुलासा हुआ है। देश में पहली बार मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल एम्स में हुए कोविड शवों के पोस्टमार्टम में जो रिपोर्ट सामने आई वह हैरान करने और चिंता में डालने वाली है। भोपाल एम्स में 21 कोविड शवों की अटॉप्सी के बाद खुलासा हुआ कि कोरोना वायरस से सिर्फ फेफड़े बल्कि किडनी, ब्रेन, पैंक्रियाज, लिवर और हार्ट अटैक की समस्या भी आई है।

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ब्रेन, लिवर और किडनी में पहुंचा कोरोना का संक्रमण
भोपाल एम्स की स्टडी से इस बात का भी खुलासा हुआ है कि मौत के 20 घंटे बाद तक कोविड-19 वायरस संक्रमित मरीज के शरीर में पाया गया। भोपाल एम्स के डायरेक्टर डॉक्टर सरमन सिंह ने एक मीडिया समूह से बात करते हुए बताया कि एम्स भोपाल में पिछले साल अगस्त से नवंबर तक 21 कोरोना संक्रमित मरीजों के शवों का पोस्टमार्टम किया गया, जिसमें सामने आया कि मृतकों में से 45 फ़ीसदी के ब्रेन में कोविड-19 संक्रमण पहुंचा था, 90 फीसदी फेफड़ों में और इसके अलावा किडनी, लिवर, पैनक्रियाज को कोरोना ने संक्रमित किया। 






21 शवों पर भोपाल एम्स में स्टडी
परिजनों की मंजूरी और कोरोना गाइडलाइंस के तहत, एम्स में 21 शवों का पोस्टमार्टम किया गया, जिसमें सामने आया कि मृतकों में से 45 फ़ीसदी के ब्रेन में कोविड-19 संक्रमण पहुंचा, 35 फीसदी का पैंक्रियाज सिस्टम बिगड़ गया। सबसे ज्यादा 90 फीसदी फेफड़े संक्रमित पाए गए। अटॉप्सी के दौरान पता चला कि मरने वाले इन 21 में से 20 मरीजों को पहले से ही कई बीमारियां थीं, जबकि एक मरीज को कोरोना से पहले कोई बीमारी नहीं थी। बता दें कि इस तरह की ऑटोप्सी पहले देश मे कभी नहीं हुई थी। भोपाल में पहली दफा अध्ययन किया गया। 

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