फर्जी पुलिस अधिकारी बनकर लोगों से ठगी करने वाले आरोपी से पूछताछ में कई चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं। एसपी आशुतोष बागरी ने बताया है कि रवि सोलंकी उर्फ राजवीर जितने भी रुपये महिलाओं से लेता था। उन रुपयों को छोटू महाराज नामक महिला तांत्रिक को देता था। इतना ही नहीं सीएम हेल्पलाइन नंबर का इस्तेमाल कर लोगों से ठगी करता था।
इंदौर में फर्जी पुलिस अधिकारी पकड़े जाने के मामले में पुलिस ने नया खुलासा किया है। एसपी आशुतोष बागरी ने बताया है कि रवि सोलंकी उर्फ राजवीर ने खुलासा किया है कि वह जितने भी रुपये महिलाओं से लेता था। उन रुपयों को छोटू महाराज नामक महिला तांत्रिक को देता था। महिला तांत्रिक द्वारा उसे नोट की बारिश का लालच दिया गया था। आरोपी ने पूछताछ में पुलिस अधिकारियों से बताया कि मुझे पुलिस में भर्ती कर लीजिए जिससे मैं आपको हर सूचना प्रदान करता रहूंगा।
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एसपी आशुतोष बागरी ने कई घंटे तक पूछताछ की जिसमें कई चौंकाने वाले खुलासे सामने आए हैं। आरोपी शहर के विजय नगर लसूडिया हीरा नगर खजराना थाना क्षेत्र में है लोगों को ठगी का शिकार बनाता था कई बार आरोपी जब उन्हें बताता था कि वह एक अंडरकवर एजेंट है। तो कई लोग उसे फोन पर शिकायत भी लिखवाते थे। जहां रवि उन शिकायतों को सीएम हेल्पलाइन पर दर्ज कर देता था और पीड़ित व्यक्ति की शिकायत का हल होने पर बताता था कि उसने समस्या का समाधान करवा दिया।
तांत्रिक को देता था रुपया
थाना प्रभारी तहजीब काजी ने आरोपी से रुपये ठगने के बारे में पूछताछ की तो खुलासा हुआ कि इन रुपयों को वह तांत्रिक छोटू महाराज के पास लेकर जाता था। उससे वह नोटों की बारिश करने के लिए कई तंत्र क्रियाओं का सामान भी मंगाया था कुछ समय पहले वह इंदौर के समीप माचल स्थित श्मशान घाट गए थे। जहां पर छोटू बाबा के साथ अन्य दो व्यक्ति भी थे जहां पर नोटों की बारिश की बात हुई थी, लेकिन बाबा द्वारा किसी आत्मा को दिखा कर वहां से उसे वापस ले आए लेकिन नोटों की बारिश नहीं हुई।
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कई थाना क्षेत्रों में रवि का था रसूख
पुलिस पूछताछ में आरोपी रवि ने बताया कि कैसे वह अपना जाल जिले के अलग-अलग थाना क्षेत्रों में फैला रखा था। रवि का रसूख इतना बढ़ा हुआ था कि क्षेत्रों के लोग इसे फोन कर सूचना देते थे। गांजा बेचने वाले जुआ सट्टा खेलने वालों के नाम पते देते थे। वहीं कई लोग उसे रेड डालने की जब बात करते थे तो रवि वहां नहीं जाता था। और कहां देता था कि मैं अभी दूसरे थाने पर हूं तुम तुरंत 100 नंबर पर डायल कर अपनी शिकायत दर्ज करा दो। मैं वरिष्ट अधिकारी को कह देता हूं।