फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Lucknow: मनी लॉन्ड्रिंग का दोषी बताकर युवक को फंसाया, दो घंटे तक डिजिटल अरेस्ट कर 11.57 लाख ठगे

Sat, 02 Aug 2025 04:06 PM IST
ishwar ashish अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ

सार

साइबर जालसाज ने मुंबई नारकोटिक्स का अधिकारी बनकर लखनऊ के युवक को दो घंटे तक डिजिटल अरेस्ट रखा। उसे मनी लॉन्ड्रिंग के मामले में दोषी बताकर 11.57 लाख रुपये हड़प लिए। कोर्ट के आदेश पर ठाकुरगंज पुलिस ने केस दर्ज किया है।
विज्ञापन
प्रतीकात्मक चित्र - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

मुंबई नारकोटिक्स का अधिकारी बनकर साइबर जालसाज ने ठाकुरगंज के मुफ्तीगंज निवासी सैयद हैदर नकवी को दो घंटे तक डिजिटल अरेस्ट रखकर 11.57 लाख रुपये वसूल लिए। शातिर ने पीड़ित को मनी लॉन्ड्रिंग के मामले में दोषी बताकर डराया। बृहस्पतिवार को कोर्ट के आदेश पर ठाकुरगंज पुलिस ने ठग व उसके साथियों के खिलाफ आईटी एक्ट की धारा में एफआईआर दर्ज की।

विज्ञापन


सैयद हैदर इरफान के मुताबिक चार जून 2024 की शाम उनके पास अनजान नंबर से कॉल आई। फोन करने वाले ने बताया कि वह डीएचएल कूरियर सर्विस से शिवम पाठक बात कर रहा है। तुम्हारे आधार और पैन कार्ड का इस्तेमाल कर मुंबई से ईरान के लिए पार्सल बुक किया गया है, जिसे कस्टम ने पकड़ा है। तुम्हारी आईडी का गलत इस्तेमाल हुआ है। ऐसे में मामले की शिकायत मुंबई नारकोटिक्स की जा रही है। इसके बाद कॉल कट गई।

कुछ ही देर  बाद इरफान के पास फिर वीडियो कॉल आई। वीडियों में देख  रहे युवक ने खुद को नारकोटिक्स अधिकारी बताया। उसने कहा कि तुम्हारे पार्सल में कपड़े, पासपोर्ट, क्रेडिट कार्ड और ड्रग्स है। पूछताछ के लिए मुंबई आना होगा। यह सुनकर इरफान घबरा गए। 
विज्ञापन


ये भी पढ़े- UP: महिला से छेड़छाड़ का आरोपी सचिव निलंबित, मंत्री ने खुद पुलिस को बुलाकर करवाया था गिरफ्तार

लोन पास करवाकर 5.80 लाख रुपये हड़पे

ठग ने कहा कि तुम्हारी आईडी से बैंक अधिकारियों की मिलीभगत से कई खाते खोले गए हैं, जिनका इस्तेमाल मनी लॉन्ड्रिंग में हो रहा है। तुम भी इस मामले में दोषी हो। आरबीआई तुम्हारे खातों पर नजर रखे है। अगर गिरफ्तार से बचना है तो पूछताछ में सहयोग करना होगा। इरफान को डरा देखकर आरोपी ने पूछताछ के बहाने उन्हें दो घंटे तक डिजिटल अरेस्ट रखा। इस बीच ठग ने जांच के बहाने उनसे पैन कार्ड, आधार कार्ड व बैंक खाते संबंधी जानकारी ले ली।

इरफान का आरोप है कि आरोपियों ने दस्तावेज के जरिये उनके नाम पर 5.80 लाख रुपये का प्री अप्रूव्ड पर्सनल लोन पास कराकर रकम हड़प ली। इसके अलावा उनके खाते से 5.67 लाख रुपये ट्रांसफर कर लिए। फिर वीडियो कॉल काट दी। ठगी का अहसास होने पर इरफान ठाकुरगंज थाने पहुंचे, पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। ऐसे में उन्होंने कोर्ट की शरण ली। अदालत के आदेश पर ठाकुरगंज पुलिस ने एफआईआर दर्ज की है। इंस्पेक्टर ओम वीर सिंह चौहान के मुताबिक पीड़ित से संपर्क किया गया है। बयान और साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।

ये भी पढ़े- UP: लाइनमैन ने बिजली काटी और फिर जोड़ने के लिए मांगे दो हजार रुपये... शिकायत सुनकर भड़के ऊर्जा मंत्री, हुई कार्रवाई
विज्ञापन


ऐसे बचें डिजिटल अरेस्ट से...
आपके पास अनजान नंबर से कॉल आए तो सावधान हो जाएं। कॉल करने वाला शख्स यह कहता है कि आपके नाम से पार्सल बुक है। कस्टम विभाग ने पकड़ा है। केस दर्ज कर कर कार्रवाई की जा रही है... तो घबराएं नहीं और सतर्क हो जाएं। ये कॉल साइबर ठग की होती है। तुरंत पुलिस से शिकायत करें।

यहां करें शिकायत
आप ठगी का शिकार होते हैं तो साइबर क्राइम थाने, साइबर सेल, स्थानीय पुलिस स्टेशन, टोल फ्री नंबर 1930 या बेवसाइट www.cybercrime.gov.in के जरिये शिकायत दर्ज करा सकते हैं।

और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें