अनिल राजभर ने कहा, 'गजनी से आये क्रूर हमलावर महमूद गजनवी का भांजा सलार मसूद गाजी हमारे देश को लूटने आया था। इसी गाजी ने अयोध्या पर हमला किया। सन 1034 में हमारे पूर्वज राष्ट्रवीर महाराजा सुहेलदेव राजभर ने सैयद सलार मसूद गाजी का संहार किया था। ऐसे गाजी का सम्मान करना अपने महापुरुषों और संस्कृति का अपमान और देशद्रोह नहीं तो और क्या है?'
राजभर ने कहा, 'भाजपा ने देश के महापुरुषों को हमेशा सम्मान दिया है। कल्याण सिंह के मुख्यमंत्री रहते हुए लखनऊ में सुहेलदेव की प्रतिमा लगाई गई, 2016 में अमित शाह ने बहराइच में महाराजा सुहेलदेव की भव्य प्रतिमा का अनावरण किया, इसी वर्ष सुहेलदेव के नाम से एक्सप्रेस रेलगाड़ी चलाई, 2018 में डाक टिकट निकाला गया, 2020 में बहराइच के नवनिर्मित मेडिकल कॉलेज को सुहेलदेव का नाम दिया और बीते फरवरी 2021 में बहराइच में बनने वाले महाराजा सुहेलदेव स्मारक पर्यटन स्थल के निर्माण कार्य का आरम्भ स्वयं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किया।'
अनिल राजभर ने अरोप लगाया, 'मुलायम सिंह यादव और अखिलेश यादव ने हमेशा हमारे महापुरुषों और महाराजा सुहेलदेव का अपमान किया है। जब-जब सपा की सरकार आई है तब-तब गाजी की दरगाह चमकाई गई है। बसपाई और कांग्रेसियों ने भी हमारे महापुरुषों का अपमान किया है। ओमप्रकाश राजभर और ओवैसी भी उसी राह पर हैं।'