फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

यूपी : हर जिले में सबसे ज्यादा डीएपी खरीदने वाले 100 लोगों की होगी जांच, अपर मुख्य सचिव कृषि ने दिए निर्देश

Mon, 15 Nov 2021 09:26 PM IST
पंकज श्रीवास्‍तव न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ

सार

प्रदेश में रबी फसलों की बुवाई का काम तेजी से चल रहा है। बुवाई के समय फास्फेटिक उर्वरकों में डीएपी, एनपीके व एसएसपी का प्रयोग किया जाता है। इन उर्वरकों की इस समय सर्वाधिक मांग होती है।
विज्ञापन
खाद (सांकेतिक तस्वीर) - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

प्रदेश सरकार ने डीएपी खाद की कालाबाजारी की आशंका में प्रदेश के सभी जिलों में सर्वाधिक डीएपी खरीदने वाले 100-100 लोगों का सत्यापन कराने का निर्देश दिया है। इसी तरह अंतर्राज्यीय सीमा वाले जिलों से अन्य राज्यों को बिक्री करने वाले उर्वरक व्यवसायियों की भी जांच कराकर कार्रवाई को कहा गया है।

विज्ञापन


प्रदेश में रबी फसलों की बुवाई का काम तेजी से चल रहा है। बुवाई के समय फास्फेटिक उर्वरकों में डीएपी, एनपीके व एसएसपी का प्रयोग किया जाता है। इन उर्वरकों की इस समय सर्वाधिक मांग होती है। अपर मुख्य सचिव कृषि पूर्व में ही किसानों को उनकी जोत बही व खतौनी के आधार पर पीओएस मशीन के जरिए उर्वरकों की खरीद के निर्देश दे चुके हैं। इधर कई जिलों से खाद की किल्लत की खबरें सामने आने के बाद सरकार ने सख्त कदम उठाने के निर्देश दिए हैं।

अपर मुख्य सचिव कृषि डॉ. देवेश चतुर्वेदी का कहना है कि खादों की पर्याप्त उपलब्धता है और केंद्र सरकार के एमएफएमएस पोर्टल पर खाद खरीदने वालों की सूची उपलब्ध है। पोर्टल से हर जिले के टॉप-100 खरीददारों का सत्यापन टीम बनाकर कराने का निर्देश दिया गया है। यह जांच एक सप्ताह के भीतर करानी होगी। अनियमित बिक्री पाए जाने पर संबंधित के खिलाफ कार्रवाई की जाए। उन्होंने अंतर्राज्यीय सीमा वाले जिलों से अन्य राज्यों को बिक्री करने वाले उर्वरक कारोबारियों की भी जांच कराने का निर्देश दिया है। जांच के बाद अकार्बनिक, कार्बनिक या मिश्रित नियंत्रण आदेश , 1985 तथा आवश्यक वस्तु अधिनियम, 1955 के अंतर्गत कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें