साध्वी निरंजन ज्योति व सीएम योगी आदित्यनाथ
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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि प्रति व्यक्ति आय, रोजगार और बुनियादी सुविधाओं के लिहाज से यूपी अन्य राज्यों के मुकाबले काफी पिछड़ा हुआ है। कृषि के बाद खाद्य प्रसंस्करण का क्षेत्र सबसे ज्यादा रोजगार दे सकता है।
अगर प्रदेश में खाद्य प्रसंस्करण उद्योग ठीक से विकसित हो जाए तो किसानों के आत्महत्या करने का कलंक भी मिट सकता है। पिछली सरकारों के इस क्षेत्र में रुचि न लेने के कारण हम काफी पिछड़ गए।
मुख्यमंत्री सोमवार को गोमतीनगर के एक होटल में केंद्रीय खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्रालय और कन्फेडरेशन ऑफ इंडियन इंडस्ट्री (सीआईआई) की ओर से ‘वर्ल्ड फूड इंडिया-2017’ के तहत आयोजित कार्यक्रम में बोल रहे थे।
योगी ने कहा, वर्ष 2007-08 में मैंने केंद्र सरकार से गोरखपुर में एक फूड पार्क स्वीकृत कराया था, पर राज्य सरकार के जमीन न देने के कारण प्रोजेक्ट आगे नहीं बढ़ सका। हम लगातार किसानों की आमदनी बढ़ाने का प्रयास कर रहे हैं।
हमने गेहूं खरीदने के लिए प्रदेश में पांच हजार क्रय केंद्र खुलवाए। आलू के रेट गिरने पर सरकार ने न्यूनतम समर्थन मूल्य पर इसे खरीदना शुरू कर दिया। इससे बाजार में भी किसानों को वाजिब दाम मिलने लगे।