यूपी सरकार ने 2024-25 का बजट पेश कर दिया है। सरकार ने हर क्षेत्र के लिए कुछ ना कुछ घोषणाएं की हैं। हम आपके लिए पूरा बजट का निचोड़ लेकर आए हैं। आप जानिए कि शिक्षा, कृषि, रोजगार, पर्यटन, स्वास्थ्य आदि क्षेत्र में आप जनता को क्या मिला है।
- 24,863.57 करोड़ की नई योजनाएं, 6,06,802.40 करोड़ की राजस्व प्राप्तियां
-2600 करोड़ महाकुम्भ मेला-2025 के लिए, 100 करोड़ अयोध्या के सर्वांगीण विकास के लिए
-575 करोड़ : पूर्वांचल विकास निधि में, 425 करोड़ बुंदेलखंड विकास निधि में
- सात लाख 36 हजार 437 करोड़ 71 लाख रुपये का है बजट, जिसमें 24 हजार 863 करोड़ 57 लाख रुपये की नई योजनाएं हैं सम्मलित।
- डार्क जोन में नए निजी नलकूप कनेक्शन देने पर प्रतिबंध हटाए जाने से करीब एक लाख किसानों को मिलेगा सीधे लाभ।
-मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना के तहत पात्र बालिकाओं को छह श्रेणियों में कुछ 15 हजार रुपये की दी जा रही सहायता। वर्ष 2019-20 से 2023-24 तक 17.82 लाख लाभार्थी हो चुके हैं लाभांवित।
- उप्र रानी लक्ष्मीबाई महिला एवं बाल सम्मान कोष के तहत गंभीर अपराधों से पीड़ित महिलाओं व बालिकाओं को एक लाख से 10 लाख रुपये तक की दी जाएगी आर्थिक क्षतिपूर्ति।
- एमएसएमई सेक्टर में मख्य मंत्री युवा स्वरोजगार योजना के तहत अब तक 22 लाख 389 लाभार्थियों को लाभांवित करते हुए 1,79,112 रोजगार किए गए हैं सृजित।
- मुख्यमंत्री ग्रामोद्योग रोजगार योजना के तहत वर्ष 2023-24 में अक्तूबर 2023 तक 408 लाभार्थियों को 1854, 86 लाख रुपये का पूंजीगत निवेश ऋण के साथ 7418 लोगों को मिला रोजगार
- सभी वर्गों की बेटियों की शादी के लिए मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के अंतर्गत प्रत्येक जोड़े को शादी पर 51 हजार रुपये अनुदान की है व्यवस्था। वित्तीय वर्ष 2022-23 में 1,00,874 जोड़ों के विवाह पर 510 करोड़ रुपये किए गए खर्च।
- प्रदेश के सभी 75 जिलों में उपलब्ध कराई जा रही निःशुल्क डायलिसिस की सुविधा।
- सरकारी चिकित्सा संस्थानों में पीजी सीटों की संख्या 741 से बढ़ाकर 1543 तथा निजी संस्थानों में सीटों की संख्या 480 से बढ़ाकर 1775 हुई। ऐसे में पीजी की कुल 3318 सीटें हैं उपलब्ध।
- आयुष्मान भारत, प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत चार करोड़ 86 लाख से अधिक कार्ड किए गए वितरित। लाभार्थी परिवारों को प्रति वर्ष पांच लाख तक निश्शुल्क चिकित्सा सुविधा सूची में शामिल राजकीय व निजी अस्पतालों में मिल रही है।
- महिलाओं व बुजुर्गों की सुरक्षा को देखते हुए सेफ सिटी परियोजना के तहत महत्वपूर्ण स्थलों पर सीसीटीवी कैमरे तथा लाईट लगवाना किया गया सुनिश्चित। वहीं, डार्क स्पाॅट्स-हॉट प्वाइंट्स का चिन्हीकरण, पिंक बूथों की स्थापना, बस व टैक्सियों में पैनिक बटन लगवाने की व्यवस्था की जा रही सुनिश्चित।