चकबंदी विभाग में पद के दुरुपयोग, काम में लापरवाही और भ्रष्टाचार के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जा रही है। राज्य सरकार ने कामकाज में लापरवाही बरतने पर मुजफ्फरनगर के चकबंदी अधिकारी अनुज सक्सेना को सेवा से बर्खास्त किया है। वहीं, बलिया के सहायक चकबंदी अधिकारी शंकर प्रसाद सिंह की एक वेतन वृद्धि स्थायी प्रभाव से रोकने के आदेश दिए हैं। जबकि मेरठ के सहायक चकबंदी अधिकारी मनोज कुमार नीरज को निलंबित किया है। इनके खिलाफ एफआईआर भी दर्ज कराई जाएगी।
चकबंदी आयुक्त जीएस नवीन कुमार ने बताया कि अमरोहा में कार्यरत सहायक चकबंदी अधिकारी नितिन चौहान के खिलाफ अनुशासनिक कार्यवाही शुरू की गई है। इटावा के ग्राम बनी में कार्यों की अनियमितता के लिए चकबंदी अधिकारी, अवधेश कुमार गुप्ता व सहायक चकबंदी अधिकारी, संतोष कुमार यादव व सहायक चकबंदी अधिकारी अखिलेश कुमार के खिलाफ विभागीय कार्यवाही शुरू की गई है। उन्होंने बताया कि चकबंदी लेखपाल ओम नारायण को निलंबित किया है।
1.34 लाख वाद निस्तारित
चकबंदी आयुक्त ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2023-24 अब तक 1,34,425 वादों का निस्तारण किया जा चुका है। इसी तरह अब तक 231 ग्रामों की चकबंदी प्रक्रिया पूर्ण कराकर जोत चकबंदी अधिनियम की धारा-52 (1) के अंतर्गत प्रख्यापन कराया गया है। उन्होंने बताया कि राजस्व और चकबंदी अधिकारी भी गांवों का दौराकर चकबंदी से संबंधित समस्याओं का समाधान कर रहे हैं।