सपा ने नगर निगम चुनाव की तैयारी तेज कर दी है। स्वतंत्रता दिवस के बाद पार्टी की ओर से बनाए गए नगर निगम प्रभारी संबंधित क्षेत्र में डेरा डालेंगे। वे जातीय समीकरण के साथ ही उम्मीदवारों की ताकत की भी थाह लेंगे। सितंबर के अंत तक प्रभारी तीन-तीन उम्मीदवारों का पैनल प्रदेश मुख्यालय भेजेंगे। फिर राष्ट्रीय अध्यक्ष एक नाम तय करेंगे।
नगर निगम चुनाव में धमाकेदार उपस्थिति दर्ज कराने के लिए पार्टी ने पुख्ता रणनीति बनाई है। पार्टी के विधायकों को अलग-अलग निगमों का प्रभारी बनाया गया है। अलग-अलग जिले के विधायकों को अलग-अलग नगर निगम की जिम्मेदारी देकर स्थानीय गुटबंदी को खत्म करने और जिताऊ उम्मीदवार चयन की रणनीति तैयार की गई है।
पार्टी की रणनीति है कि वार्ड का आरक्षण तय होते ही वहां टीमें उतार दी जाएंगी। वार्ड में आबादी के हिसाब से 50 से 60 परिवार पर एक-एक प्रभारी बनाया जाएगा। सितंबर में हर सप्ताह वार्डवार बैठक करने की तैयारी है। वाराणसी के प्रभारी बनाए गए डॉ. मनोज पांडेय ने बताया कि नगर निगम की तैयारी शुरू कर दी गई है। जल्द ही निगम चुनाव लड़ने वाले उम्मीदवारों और स्थानीय नेताओं के साथ बैठक कर अगली रणनीति बनाई जाएगी।
कानपुर के प्रभारी विशंभर यादव और रविदास मेहरोत्रा ने बताया कि स्थानीय नेताओं से संपर्क कर चुनाव की तैयारी शुरू कर दी गई है। अयोध्या के प्रभारी अतुल प्रधान ने बताया कि अभी वे अयोध्या नहीं जा पाए हैं, जल्द ही वहां जाकर रणनीति बनाएंगे।