फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Vehicle Registration: नई गाड़ियों का ‘बीएच’ सीरीज में पंजीकरण शुरू, दूसरे राज्य में नहीं लेना पड़ेगा नया नंबर

Sun, 14 Nov 2021 12:15 PM IST
ishwar ashish नरेश शर्मा, अमर उजाला, लखनऊ

सार

यूपी में नई गाड़ियों का भारत सिरीज (बीएच) में पंजीकरण कराने के बाद पंजीकृत वाहन देश के किसी भी राज्य में बिना रोक-टोक फर्राटा भर सकेगा। हालांकि, ये पंजीकरण अनिवार्य नहीं बल्कि ऐच्छिक होगा।
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : amar ujala
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

‘वन नेशन, वन नंबर’ के तहत उत्तर प्रदेश में नई गाड़ियों के लिए ‘भारत सीरीज’ (बीएच) में पंजीकरण करने की व्यवस्था तत्काल प्रभाव से लागू कर दी गई है। जिस गाड़ी का पंजीकरण भारत सीरीज में होगा, वह देश के किसी भी राज्य में बिना रोक-टोक फर्राटा भर सकेगी। हालांकि भारत सीरीज में नये वाहन का पंजीकरण अनिवार्य नहीं, बल्कि ऐच्छिक होगा।

विज्ञापन


बीएच सीरीज के गाड़ी मालिक को दूसरे राज्य में जाने पर न तो एनओसी लेनी पड़ेगी और न ही वहां पंजीकरण कराकर नया नंबर लेने की जरूरत पड़ेगी। परिवहन आयुक्त धीरज साहू ने 12 नवंबर को सर्कुलर जारी कर बीएच सीरीज में गाड़ियों का पंजीकरण करने का आदेश दिया है। आदेश सभी पंजीयन अधिकारियों (संभागीय परिवहन अधिकारी) को भेज दिए गए हैं।

सिर्फ तीन वर्ग के कर्मचारियों को दी गई है ये सुविधा
केंद्र के परिवहन मंत्रालय ने भारत सीरीज में गाड़ियों को पंजीयन कराने की सुविधा सिर्फ तीन वर्ग के कर्मचारियों को दी गई है। इनमें केंद्रीय, रक्षा मंत्रालय एवं प्राइवेट कंपनी के कर्मचारी शामिल होंगे। प्राइवेट कंपनियों के उन कर्मियों को ही यह सुविधा मिलेगी, जिनकी कंपनी के कम से कम चार राज्यों में कार्यालय हों।

विज्ञापन
विज्ञापन

नई व्यवस्था से केंद्र सरकार, रक्षा मंत्रालय एवं प्राइवेट कंपनियों के कर्मियों के दूसरे प्रदेश में स्थानांतरित होने पर वहां अपनी गाड़ी के लिए नया नंबर नहीं लेना पड़ेगा। भारत सीरीज के तहत पंजीकृत गाड़ी का नंबर पूरे देश में मान्य होगा। यह आईटी बेस पर आधारित पंजीकरण सिस्टम है। वर्तमान में अन्य राज्यों में शिफ्टिंग या ट्रांसफर होने पर कर्मचारियों को वाहनों का दोबारा पंजीकरण करवाने की बड़ी समस्या आती है।

कितना लगेगा रोड टैक्स
गाड़ी कीमत -- टैैक्स
10 लाख से कम -- 8 फीसदी
10-20 लाख -- 10 फीसदी
20 लाख से अधिक -- 12 फीसदी
नोट : डीजल वाहन पर दो फीसदी अधिक, इलेक्ट्रिक वाहन पर दो फीसदी कम लगेगा टैक्स।  
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें