प्रदेश कार्यालय से आए फोन के बाद सपाइयों में कहीं खुशी तो कहीं गम का माहौल है। जिला कार्यालय से लेकर नगर कार्यालय तक कार्यकर्ताओं में चर्चाएं होती रहीं। कोई शीर्ष नेतृत्व के फैसले को फायदेमंद तो कोई नुकसान की वजह गिनाता रहा। मोहनलालगंज विधायक अंबरीश पुष्कर मंगलवार को पर्चा दाखिल करने के बाद क्षेत्र में प्रचार-प्रसार में जुट गए थे। देर रात तक कई जगह बैठक भी कर चुके थे, लेकिन बुधवार सुबह प्रदेश कार्यालय से आए एक फोन ने उनकी धड़कन बढ़ा दी। उन्हें बताया गया कि मोहनलालगंज से अब पूर्व सांसद सुशीला सरोज चुनाव लड़ेंगी। वह प्रचार छोड़ जिला कार्यालय पहुंचे। यहां जिलाध्यक्ष जय सिंह जयंत से मिलकर पूरी बात बताई गई।
जिलाध्यक्ष ने भी कई लोगों को फोन किया और सूत्रों को टटोला। उन्हें जवाब मिला कि अभी तक मलिहाबाद से उम्मीदवार घोषित सुशीला सरोज अब मोहनलालगंज से चुनाव लड़ेंगी। कुछ देर में विधायक समर्थकों की भीड़ जिला कार्यालय जुटने लगी। कोई प्रदेश नेतृत्व पर सवाल उठाने लगा तो कोई अखिलेश यादव से मिलने की सलाह देने लगा। कार्यकर्ताओं ने विधायक के समर्थन में नारेबाजी भी शुरू कर दी। विधायक ने इन्हें शांत कराया। यहां आए राकेश यादव ने कहा कि 2017 में मोदी लहर में अंबरीश ने सपा का खाता खोला था। इस इकलौती सीट पर दूसरे उम्मीदवार को उतारना घातक हो सकता है। ऐसा ही तर्क धर्मेंद्र भी देते हैं। जिलाध्यक्ष जय सिंह जयंत का कहना है कि पार्टी नेतृत्व ने जो भी फैसला लिया है, उसके पीछे चुनावी रणनीति है। जो उम्मीदवार होगा, उसके साथ संगठन पूरी ताकत से खड़ा होगा।
नगर में चलती रही हलचल
सपा के नगर क्षेत्र में पांच विधानसभा क्षेत्र हैं। यहां जुटे पार्टी नेताओं के फोन लगातार घनघनाते रहे। कोई टिकट पर सवाल उठाता रहा तो कोई यह समझाने का प्रयास करता रहा कि जो भी उम्मीदवार होगा, उसके साथ जुटा जाएगा। एक-एक सीट को लेकर समीक्षा की जा रही है। इस बीच कई उम्मीदवारों को लेकर विरोध साफ दिखा। जिस तरफ से नगर कार्यालय में विरोध से स्वर दिखे, उससे भितरघात की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता है। वहीं, नगर अध्यक्ष सुशील दीक्षित का कहना है कि पार्टी के हर कार्यकर्ता को समझा रहे हैं। यह चुनाव किसी उम्मीदवार का नहीं, बल्कि भाजपा से संघर्ष का है। कहा कि तत्कालीन विरोध की वजह यह होती है कि हर व्यक्ति किसी न किसी से जुड़ा होता है। जिसके नेता को टिकट नहीं मिला, वह तमाम बातें कर रहा है।
टिकट की घोषणा होते ही बंटी मिठाई
पूर्व सांसद सुशीला सरोज को मोहनलालगंज से टिकट देने के बाद मलिहाबाद से अब सोनू कन्नौजिया को टिकट दिया गया है। उन्हें सुबह प्रदेश कार्यालय बुलाकर सिंबल और अन्य दस्तावेज दिए गए। दस्तावेज लेकर बाहर निकलते ही सोनू को व्यापारियों ने फूलमाला से लाद दिया। मिठाई बांटकर खुशी जताई गई। इस दौरान सपा व्यापार सभा के प्रदेश उपाध्यक्ष पवन मनोचा, मनीष अरोरा, संजय आदि थे।
इनके समर्थकों में मायूसी
सपा ने कैंट से राजू गांधी और मध्य से पूर्व मंत्री रविदास मेहरोत्रा को प्रत्याशी घोषित किया है। दोनों को बुधवार दोपहर पर्चा दाखिल करना था। इनके समर्थकों ने तैयारी भी कर ली थी, लेकिन प्रदेश कार्यालय से आए फोन ने इस पर पानी फेर दिया है। अभी दोनों को नामांकन नहीं करने के लिए कहा गया है।