आखिरकार भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजनाथ सिंह के मन से देश भर की चुनावी व्यस्तता में अपनी थकान और क्षेत्र के लिए कम समय निकाल पाने की टीस उभर आई।
हालांकि उन्होंने कहा कि यदि यहां लोगों ने उन्हें जिताया तो चुनाव के बाद वह इस कमी को पूरा कर देंगे।
केंद्र में भाजपा की सरकार बनने पर दिल्ली में लखनऊ के लोगों को कोई मुश्किल नहीं होगी। वहां मंत्री से लेकर अफसर तक उनकी बात सुनने को तैयार मिलेंगे।
मैं अब थक गया हूं
राजनाथ सिंह राजधानी के निरालानगर स्थित माधव सभागार में चार्टेड एकाउंटेंट, कंपनी सेक्रेट्रीज और एनजीओ प्रतिनिधियों को संबोधित कर रहे थे।
राजनाथ ने कहा कि जिस तरह का डायलॉग (संवाद) व कम्यूनिकेशन (संपर्क) होना चाहिए वह चुनाव की आपाधापी में नहीं हो पा रहा है।
देश भर की प्रचार यात्रा व दौड़-धूप की वजह से मेंटली (मानसिक) व फिजिकली (शारीरिक) दोनों तरह से टायर्ड (थक गया) हो गया हूं।
पर 16 मई के बाद यह स्थिति नहीं रहेगी। न सिर्फ वह बल्कि लखनऊ के लोगों के लिए सरकार के अफसर और मंत्री हरवक्त हाजिर मिलेंगे।
कांग्रेस ने नेताओं के प्रति विश्वास का संकट पैदा किया
राजनाथ ने कहा कि वह किसी बड़े वादे की बात नहीं करना चाहते। वजह कांग्रेस पार्टी ने कथनी व करनी में भेद करके नेताओं के प्रति विश्वास का संकट पैदा कर दिया है।
वह केवल इतना आश्वस्त करना चाहेंगे कि उन्हें उनकी कथनी व करनी में कोई अंतर नहीं मिलेगा। यदि उन्हें यहां का प्रतिनिधि बनाया तो किसी समस्या में कोई अड़चन नहीं आने पाएगी। उन्होंने कहा कि देश भर में परिवर्तन की लहर चल रही है।
कांग्रेस ने जिस तरह देश को बर्बाद किया है, लोगों ने स्थिर सरकार बनाने का मन बना लिया है। 25 दिन बाद भाजपा की सरकार बनने पर सरकार 2025 तक के लिए तैयार विजन डाक्यूमेंट के आधा पर देश को आगे बढ़ाने का काम करेगी।
कार्यक्रम में सांसद लालजी टंडन, महापौर दिनेश शर्मा, पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के प्रतिनिधि रहे शिव कुमार सहित बड़ी संख्या में लोग उपस्थित रहे।