अब आशियाना बनाना महंगा हो गया है, क्योंकि डीजल की कीमत में लगातार वृद्धि से भवन सामग्री की कीमतों में धीरे-धीरे उछाल आने लगा है।
12 दिन के भीतर बालू व गिट्टी पांच-पांच रुपये और मौरंग 10 रुपये महंगी हो गई है, जबकि सरिया की कीमत में भी पांच रुपये किलो की तेजी आ चुकी है।
भवन सामग्री कारोबारी श्याम मूर्ति गुप्ता ने बताया कि डीजल महंगा होने के कारण जो सरिया 57 रुपये किलो थी, वह बढ़कर 62 रुपये हो चुकी है
जबकि कोरोना में सरिया 62 रुपये किलोे होकर 57 पर आ गई थी। डीजल की कीमत बढ़ने से भवन सामग्री की लोडिंग व अनलोडिंग की लागत बढ़ने के कारण कारोबारियों को दाम में इजाफा करना पड़ा है।
फ्लाई ऐर्श इंट 700 रुपये प्रति हजार
लखनऊ ब्रिक एसोसिएशन के महामंत्री मुकेश मोदी ने बताया कि फ्लाई ऐश र्की इंट 700 रुपये प्रति हजार बिक रही है। इसके दाम में अभी कोई इजाफा नहीं हुआ है। कहा कि मिट्टी से तैयार ईंट का फ्लाई ऐश की ईंट से मुकाबला नहीं है। मिट्टी र्की इंट की लाइफ 200 साल तक, जबकि फ्लाई ऐश र्की इंट की लाइफ काफी कम है।
खदान खुलते ही और बढ़ेगी कीमत
बंथरा के कारोबारी अभिषेक ने बताया कि इस वक्त भवन सामग्री की सामान्य रूप से मांग है। कारोबारी स्टॉक से बेच रहे है। अभी बालू व मौरंग की खदानें बंद हैं। जब खदानें खुलेंगी तो कीमतें और बढ़ेंगी। क्योंकि खदानों से आने वाली नई बालू व मौरंग को ढोने में लागत अधिक आएगी।
भवन सामग्री की कीमत रुपये में
सामग्री एक अक्तूबर 13 अक्तूबर
बालू 20 25
मौरंग 45 55
गिट्टी 45 50
सरिया 57 62
(नोट: सरिया प्रति किलो, अन्य फीट में)