विकासनगर कॉलोनी में शनिवार पूरी रात बिजली गुल रही। रात भर बिजली संकट झेल चुके लोगों का गुस्सा रविवार तड़के उपकेंद्र पर फूट पड़ा।
स्थानीय निवासियों ने बत्ती की मांग को लेकर उपकेंद्र पर हंगामा शुरू कर दिया। प्रदर्शनकारी और उग्र होकर तोड़फोड़ करते उससे पहले इंजीनियरों ने पुलिस को बुला लिया।
पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को दो राउंड लाठी फटकार कर खदेड़ा। पुलिस सुरक्षा में कर्मियों ने मेंटेनेंस करके 12 घंटे के बाद बिजली चालू कर पाए।
विकासनगर में शनिवार रात करीब 11 बजे अचानक 33 केवी लाइन का लोहे का जम्पर टूटकर नीचे गुजर रही लेखराज फीडर के 11 केवी लाइन पर जा गिरा।
इसके कारण धमाके के साथ सेक्टर एक, दो और चार के घरों में अंधेरा हो गया, जिससे 6000 घरोें की बत्ती गुल हुई।
बिजली संकट की सूचना के बाद एक्सईएन आरके जैसवार और एसडीओ अनिल कुमार उपकेंद्र पहुंचे और लाइन में आए फॉल्ट को सही कराने का कार्य शुरू कराया।
रविवार तड़के चार बजे फॉल्ट सही हुआ तो बिजली चालू हुई। लेकिन चंद मिनट बाद ही दोबारा इनकमिंग ट्राली के ब्रेकर में धमाका होने के बाद सभी फीडर बंद हो गये।
इससे कमला नेहरू नगर, खुर्रमनगर एवं विकासनगर कॉलोनी की बिजली गायब हो गई। ट्राली और ब्रेकर की साफ-सफाई करके बिजली चालू करने का प्रयास चल रहा था कि सुबह 6 बजे 60-70 लोगों के झुंड ने उपकेंद्र पर धावा बोल दिया।
प्रदर्शनकारियोें की एक्सईएन एवं एसडीओ से काफी देर तक नोकझोंक चलती रही। हालात बिगड़ने लगे तो एक्सईएन को पुलिस को बुलाना पड़ा।
पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को उपकेंद्र से हटने की चेतावनी दी। प्रदर्शनकारी जब नहीं हटे तो पुलिस ने दो बार लाठी फटकार खदेड़ा। इसके बाद मेंटेनेंस कार्य शुरू हुआ तो पूर्वाह्न 11 बजे दोबारा बिजली चालू हो सकी।