जमातियों को समझाती पुलिस(फाइल फोटो)
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लॉकडाउन के नियमों का उल्लंघन करने व कोरोना वायरस के संक्रमण का खतरा बढ़ाने के मामले में गिरफ्तार विदेशी जमातियों से पूछताछ में पुलिस को खासी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। विभिन्न देशों के इन जमातियों के बयान दर्ज करने के लिए पुलिस को दुभाषियों की मदद की जरूरत पड़ रही है।
प्रदेश पुलिस ने कुल 345 जमातियों के खिलाफ 20 जिलों में एफआईआर दर्ज की है। ये सभी क्वारंटीन किए गए हैं। इनमें से कई को गिरफ्तार किया जा चुका है। पुलिस को दिक्कत इनके बयान दर्ज करने में आ रही है। जिन जमातियों के खिलाफ मुकदमे दर्ज हुए हैं, उनमें इंडोनेशिया, थाईलैंड, कजाकिस्तान, किर्गिस्तान और बांग्लादेश के नागरिक शामिल हैं।
ऐसे में उनके बयान दर्ज करने में समस्या आ रही है। पूछताछ में न वे पुलिस की बात समझ पा रहे हैं न पुलिस उनकी। बहराइच में पिछले दिनों 17 विदेशी नागरिकों को गिरफ्तार किया गया था, तब भी यही समस्या सामने आई।
बहराइच के पुलिस अधीक्षक ने कहा कि इनसे जब पूछताछ की तो उनमें से दो को अंग्रेजी आती थी। बहराइच पुलिस ने इन्हीं दोनों की मदद लेकर बाकी के सभी जमातियों के बयान दर्ज किए। यही दिक्कत अन्य जिलों की पुलिस के सामने भी आ रही है।
लखनऊ में ही गिरफ्तार विदेशी जमातियों में किर्गिस्तान व कजाकिस्तान के नागरिक शामिल हैं। इनसे पूछताछ में भी दिक्कत आ रही है। एडीसीपी विकास त्रिपाठी ने कहा कि इनसे पूछताछ के लिए दुभाषियों की मदद ली जा रही है।