कांग्रेस नेता और पूर्व राज्यसभा सांसद प्रमोद तिवारी ने नोटबंदी की चौथी बरसी पर कहा कि नोटबंदी देश की 125 करोड़ जनता की आकांक्षाओं, इच्छाओं और उनके भविष्य के साथ विश्वासघात थी। पूरे देश में कांग्रेस पार्टी ने 8 नवंबर के दिन ‘विश्वासघात दिवस’ मनाया।
यह विश्वासघात था मोदी और उनकी सरकार का भारत की जनता के साथ, अर्थव्यवस्था के साथ और भारत की सुरक्षा के साथ।
प्रमोद तिवारी ने कांग्रेस मुख्यालय पर आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि यह नोटबंदी एक संगठित और वैधानिक लूट थी, जिससे देश की 125 करोड़ जनता की कमर टूट गई।
एक झटके में उठाए गए इस कदम से प्रधानमंत्री मोदी के कुछ पूंजीपति मित्रों और भाजपा को ही फायदा पहुंचा। मोदी को देश की जनता से नोटबन्दी के लिए माफी मांगनी चाहिए।
नोटबंदी की वजह से ही आज देश 47 सालों में सर्वाधिक बेरोजगारी की स्थिति से गुजर रहा है। हमारी जीडीपी रसातल में पहुंच गयी है। इस अवसर पर प्रदेश उपाध्यक्ष वीरेंद्र चौधरी भी मौजूद रहे।