फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

जल्द ही पानी का बिल जमा करेगा कंप्यूटर

Sun, 04 Aug 2013 08:27 PM IST
लखनऊ/इंटरनेट डेस्क
विज्ञापन
विज्ञापन
नगर निगम की तरह जलकल विभाग में भी टैक्स जमा करने की कम्प्यूटराइज्ड व्यवस्था जोनल कार्यालयों शुरू होनी है।
विज्ञापन


इसको लेकर करीब आठ महीने पहले जलकल विभाग को महापौर की ओर से निर्देश दिए गए थे मगर यह व्यवस्था अब तक शुरू नहीं हो पाई है।

इसको शुरू होने में अभी तीन से चार महीने का समय लगेगा। कम्प्यूटराइजेशन का काम पूरा न हो पाने के कारण जलकर जमा करने का काम अभी मैनुअल ही हो रहा है।

जिसके कारण कई उपभोक्ताओं को तब परेशानी का सामना करना पड़ जाता है जब जलकर बकाया न होने के बाद भी बिल में पिछला बकाया चढ़कर का आ जाता है और टैक्स जमा की रसीद खो जाती है।

ऐसी ही शिकायतों को देखते हुए महापौर डा.दिनेश शर्मा ने जलकल विभाग को टैक्स जमा करने की व्यवस्था नगर निगम की तरह कम्प्यूटराइज्ड करने को कहा था।

ताकि लोगों को बे वजह की परेशानी का सामना न करना पड़े और टैक्स जमा करने वाले कर्मचारी भी गड़बड़ी न कर सकें।

जानकारों का कहना है कि अभी बहुत बार ऐसा होता है कि कर्मचारी जलकर जमा करने के बाद रसीद तो उपभोक्ता को दे देते हैं मगर उसकी पोस्टिंग रजिस्टर पर नहीं करते हैं।
विज्ञापन


ऐसे में जब अगले साल बिल बनता है तो उसमें बकाया जोड़ दिया जाता है। यदि उपभोक्ता के पास जमा की रसीद है तब तो वह परेशानी से बच जाता है और यदि किसी कारण रसीद नहीं है तो फिर उसको बकाया जमा करना पड़ जाता है।
विज्ञापन


बिना रसीद के यह तय ही नहीं हो पाता कि पैसा जमा हुआ था कि नहीं और इसका फायदा गड़बड़ी करने वाले कर्मचारी उठाते हैं।

नगर निगम में भी कम्प्यूटर से टैक्स जमा करने की व्यवस्था शुरू होने से पहले गृहकरदाताओं को ऐसी ही परेशानी से जूझना पड़ता था लेकिन जब से कम्प्यूटराइज्ड व्यवस्था शुरू हुई है, यह गड़बड़ी पूरी तरह से समाप्त हो गई है।

अब भवनस्वामी सीधे कैश काउंटर पर जाकर गृहकर जमा करता है और उसी समय उसके गृहकर खाते में इसकी इंट्री हो जाती है। बाद का कोई झंझट ही नहीं रहता है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें