अहमद मुर्तजा अब्बासी अरबी भाषा के कोड में बात किया करता था। एटीएस को मुर्तजा के घर से जिहादी लिटरेचर मिला है। इसमें एक अरबी किताब भी है। शुरुआती जांच में माना जा रहा था कि धर्म के प्रति निष्ठा की वजह से मुर्तजा इसे पढ़ता था। मुर्तजा के साथ एटीएस उस किताब को भी लखनऊ मुख्यालय लेकर गई। बारीकी से जांच करने पर किताब में कई शब्दों को रेखांकित किया पाया गया है।
मुर्तजा की किताब के आतंकी कोड
- उड़ान : देश में या देश के बाहर फोन पर बात करते समय फ्लाइट को अरबी में रिहलत तयारान बोला जाता था। इसका मतलब उड़ान होता है। मुर्तजा ने किताब में इस शब्द को मार्कर से हाईलाइट किया था।
- संघर्ष : मुर्तजा का ब्रेनवॉश करने के लिए अरबी के अलजिहाद शब्द का प्रयोग होता था।
- आकाश : मुर्तजा को फिदायीन बनाने के लिए उसे जन्नत के बारे में जानकारी दी जाती थी।
- अब्दुल्ला : मुर्तजा को जिहाद के रास्ते पर ले जाने वाले बातचीत में उसका नाम न लेकर इस शब्द का इस्तेमाल करते थे।
- मेहमान : मुर्तजा से मिलने के लिए जब भी कोई बाहरी आता था तो उसे पहले इसकी जानकारी दी जाती थी।
- बख्शीश: मुर्तजा के साथ जब भी फंडिंग से संबंधित कोई बातचीत होती थी तो इसका प्रयोग होता था।
- खटमल : मुर्तजा से बातचीत में पुलिस या सुरक्षा एजेंसियों को खटमल बोला जाता था।