हरियाणा और पंजाब से शराब की तस्करी यूपी के रास्ते बिहार हो रही है। इस बार तस्करों ने सप्लाई के लिए नया रास्ता अपनाया है। गाजियाबाद, नोएडा, आगरा, मथुरा, सहारनपुर सहित कई शहरों में वाहन पकड़े जाने के बाद इस नए रास्ते का खुलासा हुआ।
चुनाव का एलान होने के साथ ही शराब तस्कर सक्रिय हो गए हैं। इस बार धरपकड़ और जांच से बचने के लिए तस्करों ने मोडस आपरेंडी बदल दी है। पहली बार फल की पेटियों, परचून के डिब्बों, दवा की गाड़ियों और इलेक्टि्रक उत्पादों के वाहनों से शराब की सप्लाई की जा रही है। यूपी के कई जिलों में ऐसे वाहनों से शराब पकड़ने के बाद आबकारी विभाग ने राज्य कर विभाग, पुलिस और प्रशासन ने संयुक्त टीम गठित की हैं। ऐसी 15 टीमें रात-दिन वाहनों की जांच करेंगी। खास तौर पर बिहार जाने वाले वाहनों को जांच की शीर्ष प्राथमिकता पर रखा गया है।
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हरियाणा और पंजाब से शराब की तस्करी यूपी के रास्ते बिहार हो रही है। इस बार तस्करों ने सप्लाई के लिए नया रास्ता अपनाया है। गाजियाबाद, नोएडा, आगरा, मथुरा, सहारनपुर सहित कई शहरों में वाहन पकड़े जाने के बाद इस नए रास्ते का खुलासा हुआ। तस्करों ने पहली बार फलों की पेटियों में शराब की बोतलें पैक की हैं। परचून ब्रांड की पेटियों में शराब रखी गई है। नामी इलेक्टि्रकल कंपनियों के वाहनों से शराब पकड़ी गई। मशहूर आयुर्वेदिक दवाओं के वाहनों के अंदर दवाओं के पैकेट में हरियाणा व पंजाब की शराब पकड़ी गई। खास बात ये है कि इन वाहनों के बिल बाउचर और ई वे बिल फल, दवा, परचून और इलेक्टि्रक दवाओं के ही थे। जांच में ये फर्जी भी नहीं पाए गए। इसलिए न तो इन गाड़ियों को कोई रोकता था और न ही जांच की जाती थी।
इसे देखते हुए सोमवार को अपर आयुक्त राज्य कर ग्रेड वन, अपर आयुक्त एसआईबी डीपी सिंह और जिला आबकारी अधिकारी राकेश सिंह की अध्यक्षता में संयुक्त बैठक वाणिज्य भवन में की गई। बैठक में राज्य कर विभाग के अपर आयुक्त ,उपायुक्त व सहायक आयुक्त स्तर के विभिन्न शाखाओं के अधिकारी तथा आबकारी विभाग के जिला स्तरीय अधिकारी के साथ क्षेत्रीय आबकारी निरीक्षक भी थे।
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बैठक में निर्वाचन आयोग के निर्देशों को देखते हुए राज्य कर विभाग के सचल दल और आबकारी विभाग की प्रवर्तन विंग और क्षेत्रीय निरीक्षकों के साथ संयुक्त जाँच अभियान चलाने की रणनीति बनाई गई। जिला आबकारी अधिकारी राकेश सिंह ने बताया कि जांच अभियान के लिए 15 टीमें तैयार की गई हैं। शराब तस्कर भी लगातार रूट बदल रहे हैं। इसे देखते हुए अब हर गाड़ी की चेकिंग होगी ।
एक बंद बोतल भी होगी सीज
जिला आबकारी अधिकारी ने बताया कि हरियाणा व पंजाब की एक बोतल भी सीलबंद पाई जाएगी तो तस्करी की मानी जाएगी। वाहन में केवल एक ऐसी बोतल ले जाने की अनुमति होगी, जिसकी सील खुली होगी। यूपी की अधिक से अधिक छह सीलबंद बोतलें वाहन से ले जाई जा सकती हैं।