रावेंद्र के मुताबिक उन्होंने करीब दो लाख रुपये 800 वर्ग फीट प्लाट के लिए दिए थे। लेकिन उन्हें जमीन नहीं मिली थी। इस बात की शिकायत करने पर निदेशक काफी दिनों तक टाल मटोल करते रहे। फिर रावेंद्र को रुपये लौटाने के नाम पर दो चेक दिए गए थे। जो बाउंस हो गए थे।
लखनऊ में गोमतीनगर थाने में शाइन सिटी निदेशकों के खिलाफ निवेशकों ने जालसाजी का मुकदमा दर्ज कराया है। पीड़ितों का आरोप है कि जालसाजों ने टाउनशिप में प्लॉट दिलाने के नाम पर लाखों रुपये ले लिए, लेकिन प्लॉट नहीं दिया। बार-बार तकादा करने पर धमकी दे रहे थे।
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सीतापुर कमलापुर निवासी रावेंद्र कुमार लखनऊ में जमीन खरीदना चाहते थे। वर्ष 2018 में उन्हें विपुलखंड स्थित शाइन सिटी के बारे में पता चला था। बीकेटी में कम्पनी ने पैराडाइज ग्रीन के नाम से टाउनशिप विकसित करने का दावा किया था। यह जानकारी मिलने के बाद रावेंद्र ने निदेशक आसिफ और राशिद नसीम से मुलाकात की थी। जिन्होंने किस्तों में प्लॉट देने की बात कही थी।
रावेंद्र के मुताबिक उन्होंने करीब दो लाख रुपये 800 वर्ग फीट प्लाट के लिए दिए थे। लेकिन उन्हें जमीन नहीं मिली थी। इस बात की शिकायत करने पर निदेशक काफी दिनों तक टाल मटोल करते रहे। फिर रावेंद्र को रुपये लौटाने के नाम पर दो चेक दिए गए थे। जो बाउंस हो गए थे। इस बात की दोबारा से शिकायत करने पर उन्हें धमकी दी गई थी। रावेंद्र के मुताबिक वह मुकदमा दर्ज कराने के लिए गोमतीनगर थाने गए थे। जहां उनकी मुकदमा नहीं लिखी गई थी। पुलिस की कार्यशैली से परेशान रावेंद्र ने कोर्ट में अर्जी दायर की थी। न्यायालय के आदेश देने के बाद गोमतीनगर थाने में आसिफ नसीम, राशिद नसीम और कंपनी के कर्मचारियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।