मां गायत्री रामसुख पाण्डेय पीजी कालेज प्रांगण में भारतीय जनता पार्टी के चिंतन सभा में कैसरगंज सांसद बृजभूषण शरण सिंह के बयान एक बार फिर चर्चा में है। उन्होंने जिन्ना के मुद्दे को हवा देते हुए कहा कि जिन्ना चले गए पर जड़ छोड़ गए हैं। आज भी जिन्ना के अनुयायी आज भी देश में नारा लगाते हैं कि अफजल हम शर्मिंदा हैं, तेरे कातिल जिंदा हैं। भारत तेरे टुकड़ें होंगे। अब ऐसे लोगों को आप सभी को सबक सिखने की जरूरत है।
जिले को भगवान राम की कर्मभूमि के साथ-साथ पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेई, नाना जी देशमुख, पूर्व सांसद सत्यदेव सिंह की बताते हुए गौरा विधान सभा के भाजपा प्रत्याशी प्रभात वर्मा को पुराने कार्यकर्ताओं को साथ लेकर चलने की बात कही। उन्होंने कहा की देश आजाद होने के बाद 565 बडे़ राजा थे। जिनमे 564 राजाओं का भारत में विलय कराने का काम सरदार वल्लभ भाई पटेल ने किया था। केवल एक रियासत जम्मू कश्मीर पूर्व प्रधानमंत्री जवाहर लाल नेहरू के पास था। जिसका समाधान नहीं हो सका। उन्होंने कहा की जम्मू कश्मीर समस्या के समाधान न होने से देश के 75000 से अधिक जवान शहीद हो चुके हैं। केंद्र में नरेंद्र मोदी की सरकार बनने के बाद राम मंदिर निर्माण व जम्मू कश्मीर की समस्या का समाधान हुआ।
सांसद बृजभूषण शरण सिंह ने कहा कि विदेशी आक्रांताओं के समय आठ करोड़ हिंदुओं ने या तो धर्म परिवर्तन किया या मारे गए। एक समय था जब दुनिया के तीसरे हिस्से पर भारत का कब्जा था। कांग्रेस की गलत और ढुलमुल नीति के चलते भारत की एक लाख 24 हजार वर्ग किलोमीटर जमीन आज भी पाकिस्तान व चीन के कब्जे में है। कहा कि बृजभूषण शरण सिंह ने कहा की देश में लोकतंत्र है। लोकतंत्र में कोई स्थाई राजा नहीं होता है। उन्होंने कहा की भाजपा को छोड़कर किसी भी राजनैतिक दलों में लोकतंत्रारिक व्यवस्था नहीं है। जम्मू कश्मीर से तमिलनाडु तक वंशवादी पार्टियों की भरमार है। उन्होंने सपा, बसपा सहित अन्य राजनैतिक दलों पर प्रहार करते हुए कहा की ये वही लोग हैं जो गरीबों का राशन खा जाते थे। आज सभी लोगों को पर्याप्त राशन मिल रहा है।