एटीएस के हत्थे चढ़े आईएसआई एजेंट जमालुद्दीन की निशानदेही पर 7 लाख रुपये से अधिक के जाली नोट बरामद किए गए। उससे पूछताछ में सामने आया कि देश के विभिन्न स्थानों पर आईएसआई के एजेंट फैले हैं।
उन्हें हवाला या वेस्टर्न यूनियन के जरिये रकम भेजकर देशद्रोही गतिविधियों का संचालन कराया जा रहा है। पाकिस्तान के साथ ही साउथ अफ्रीका व यूएई से जमालुद्दीन के तार जुड़े होने की पुष्टि हुई है।
उसने राजस्थान के पोकरण में पटवारी की नौकरी कर रहे रिटायर्ड फौजी गोरधन सिंह को जाल में फंसाकर सेना की जमीन के राज आईएसआई को भेजे थे। इसके एवज में गोरधन को रकम दी गई थी। एटीएस और सीआईडी राजस्थान की टीम ने मंगलवार को गाजीपुर से जमालुद्दीन को गिरफ्तार किया था।
आईजी एटीएस असीम अरुण ने बताया कि गाजीपुर जिले के करमहरी रसूलपुर नेवादा निवासी आईएसआई एजेंट जमालुद्दीन को बुधवार को प्रभारी विशेष सीजेएम रजनीश कुमार मिश्रा के समक्ष पेश किया गया।
पोकरण में सेना की जमीन से जुड़े राज आईएसआई को पहुंचाने के मामले में राजस्थान सीआईडी की टीम ने उसे जयपुर ले जाने के लिए ट्रांजिट रिमांड की अर्जी दी। कोर्ट की इजाजत पर उसे दो दिन के ट्रांजिट रिमांड पर कड़ी सुरक्षा में जयपुर रवाना किया गया है।