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लखनऊ के निगोहां में जिंदा जले पति-पत्नी, पत्नी की मौके पर मौत, पति गंभीर

Mon, 22 Apr 2019 11:34 AM IST
ishwar ashish न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
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हादसे में जिंदा जले पति-पत्नी। - फोटो : amar ujala
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लखनऊ के निगोहां में किराए पर रहने वाले दंपती की संदिग्ध हालात में आग लगने से झुलसकर रविवार शाम मौत हो गई। कमरे से अचानक लपटें और धुएं के साथ चीखें सुनकर पड़ोसी जुटे। कमरे में देखा तो दोनों गंभीर रूप से झुलस चुके थे। जब तक अस्पताल भेजने का इंतजाम हुआ पत्नी की सांसें उखड़ गईं।

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दिनेश ने अस्पताल में ली अंतिम सांस

दिनेश ( फाइल फोटो) - फोटो : amar ujala
पति की इलाज के दौरान सिविल अस्पताल में मौत हो गई। परिवार दो बच्चों के साथ सात साल से किराए पर रह रहा था। पुलिस के मुताबिक आपसी विवाद के बाद पत्नी ने खुद को आग लगा ली। जिसे बचाने के चक्कर में पति भी गंभीर रूप से झुलस गया। पुलिस मामले की जांच कर रही है।

शेरपुर लवल स्थित पंचायत घर के पास असम के लखीमपुर के निवासी दिनेश उर्फ आसामी (35), पत्नी शांति (33) और दो बच्चों विशाल व माही के साथ रहता था। शांति मूलरूप से झारखंड के गुमला की रहने वाली थी।

दिनेश ने भुइयादीन के मकान में सात साल पहले किराए पर मकान लिया था। दोनों की शादी 13 जनवरी 2013 को असम के लखीमपुर कस्बे में कैथोलिक चर्च में हुई थी। रविवार सुबह करीब 10.30 बजे पड़ोसियों ने कमरे से तेज धुआं और लपटें उठतीं देखी। अंदर से दिनेश और शांति की चीख भी सुनाई दी।

ग्रामीणों के बीच कई तरह की चर्चाएं

शांति ( फाइल फोटो) - फोटो : amar ujala
इसके बाद पड़ोसियों ने अस्पताल ले जाने की तैयारी की। एंबुलेंस के आने से पहले ही शांति की मौत हो गई। वहीं, दिनेश ने सिविल अस्पताल में रविवार देर शाम को अंतिम सांस ली। दंपती की झुलसकर मौत होने के मामले में ग्रामीणों के बीच कई तरह की चर्चाएं हैं।

ग्रामीणोें को आशंका है कि विवाद के बाद दिनेश ने ही शांति पर केरोसिन उड़ेलकर आग लगा दी। कुछ लोगों के मुताबिक दिनेश ने आग लगाने के पहले दोनों बच्चों को घर के सामने बाहर तख्त पर बिठाया। उनसे कहा कि यहीं बैठे रहो, जब तक हम न लेने आएं। पर आगजनी के दौरान वह भी गंभीर रूप से झुलस गया और अस्पताल में मौत हो गई।
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बाहर खेल रहे थे बच्चे

बाहर बैठे बच्चे - फोटो : amar ujala
जिस वक्त दिनेश और शांति लपटों में घिरे थे उस वक्त माही और विशाल बाहर खेल रहे थे। उनको भनक तक न लगी कि उनके मां-बाप लपटों में घिरकर जिंदगी की भीख मांग रहे हैं। मासूमों को पता ही न सका कि अब उनके सिर से मां के आंचल का साया उठ गया है।

पिता भी जिंदगी की लड़ाई लड़ रहा है। पड़ोसियाें ने उनको अपने घर में रखा है। हादसे के बाद पहुंची महिला पुलिस कांस्टेबलों ने मासूम से पुचकार कर पूछताछ भी की। जिसमें सामने आया कि दोनों के बीच अक्सर विवाद होता था।
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