आधे निजी पॉलीटेक्निक काउंसिलिंग से हो सकते हैं बाहर
लखनऊ। राजधानी सहित प्रदेश के 100 से अधिक निजी पॉलीटेक्निक संस्थानों में इस वर्ष प्रवेश पर संकट के बादल मंडरा रहे हैं। संयुक्त प्रवेश परीक्षा परिषद (पॉलीटेक्निक) की 25 जून से शुरू होने वाली प्रवेश काउंसिलिंग में 269 संस्थानों में से केवल 134 संस्थानों को ही शामिल किया गया है। शेष संस्थानों की ओर से डिप्लोमा इंजीनियरिंग पाठ्यक्रमों की सूची अभी तक अपडेट नहीं की गई है। ऐसे में समय पर संबद्धता और नवीनीकरण की प्रक्रिया पूरी न होने पर इन संस्थानों में प्रवेश प्रभावित हो सकते हैं।
संयुक्त प्रवेश परीक्षा परिषद के अनुसार, राजकीय और निजी पॉलीटेक्निक संस्थानों में प्रवेश के लिए आयोजित परीक्षा का परिणाम शुक्रवार को जारी किया गया। प्रदेश के 269 राजकीय व निजी पॉलीटेक्निक संस्थानों की 2.70 लाख सीटों पर प्रवेश के लिए परीक्षा हुई थी लेकिन काउंसिलिंग के पहले चरण में केवल 134 निजी संस्थानों की सूची जारी की गई है।
प्राविधिक शिक्षा परिषद के सचिव डॉ. संतोष कुमार सिंह ने बताया कि डिप्लोमा इंजीनियरिंग पाठ्यक्रमों की संबद्धता और नवीनीकरण के लिए संस्थानों से 30 जून तक ऑनलाइन आवेदन लिए जाएंगे। इसके बाद 10 जुलाई को सत्यापन प्रक्रिया पूरी होने पर इन संस्थानों में भी डिप्लोमा इंजीनियरिंग पाठ्यक्रमों की काउंसिलिंग शुरू होगी।
संयुक्त प्रवेश परीक्षा परिषद (पॉलीटेक्निक) के सचिव संजीव कुमार सिंह के अनुसार, पहले चरण में राजकीय पॉलीटेक्निक की 44 हजार सीटों पर प्रवेश प्रक्रिया शुरू होगी। पहले चरण की काउंसिलिंग 25 जून से 6 जुलाई तक चलेगी, जबकि फार्मेसी पाठ्यक्रमों की काउंसिलिंग 24 जुलाई से शुरू होगी।