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लखनऊ: जीएसटी असिस्टेंट कमिश्नर संजय शुक्ला ने खुद को मारी गोली, जांच में जुटी पुलिस

Tue, 18 May 2021 12:03 PM IST
Vikas Kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ

सार

मूलरुप से आजमगढ़ के रहने वाले संजय शुक्ला जीएसटी में असिस्टेंट कमिश्नर है। उनकी तैनाती वाराणासी में है। गोमतीनगर विस्तार के सरयू अपार्टमेंट में उनका एक फ्लैट है। सोमवार रात परिवार के सभी सदस्यों ने खाना खाया। इसके बाद अपने कमरे में सोने चले गये। रात करीब 12 बजे संजय शुक्ला ने अपने लाइसेंसी असलहे से खुद को गोली मार ली। 
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जीएसटी असिस्टेंट कमिश्नर संजय शुक्ला - फोटो : amar ujala
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विस्तार
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गोमतीनगर विस्तार में सरयू अपार्टमेंट में रहने वाले संजय शुक्ला ने सोमवार देर रात करीब 12 बजे खुद को गोली से उड़ा लिया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने पड़ताल शुरू किया है। संजय शुक्ल जीएसटी असिस्टेंट कमिश्नर के पद पर वाराणसी में तैनात थे। उनके घर में कुछ दिन पहले चोरी की वारदात हुई थी। जिसमें लाखों रुपये के जेवरात व नकदी साफ हो गया। वारदात के बाद ही वह वाराणसी से लखनऊ पहुंचे थे। सोमवार को उनको कार्यालय में वापस ज्वाइन करना था।

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मूलरुप से आजमगढ़ के रहने वाले संजय शुक्ला जीएसटी में असिस्टेंट कमिश्नर है। उनकी तैनाती वाराणासी में है। गोमतीनगर विस्तार के सरयू अपार्टमेंट में उनका एक फ्लैट है। सोमवार रात परिवार के सभी सदस्यों ने खाना खाया। इसके बाद अपने कमरे में सोने चले गये। रात करीब 12 बजे संजय शुक्ला ने अपने लाइसेंसी असलहे से खुद को गोली मार ली। गोली की आवाज सुनकर परिवार के सदस्य कमरे की तरफ भागे। कमरे में संजय शुक्ला बेड पर खून से लथपथ पड़े थे। 

आनन-फानन में परिजन उनको लेकर पास के अस्पताल गये। जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने पड़ताल शुरू की। एसीपी गोमतीनगर श्वेता श्रीवास्तव के मुताबिक लाइसेंसी असलहे से गोली मारने की सूचना है। पड़ताल की जा रही है। अभी कारण के बारे में पता नहीं चल सका है।

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कुछ दिन पहले हुई थी चोरी, घोषित किया था 50 हजार का इनाम

जीएसटी असिस्टेंट कमिश्नर संजय शुक्ला के घर में कुछ दिन पहले चोरी की वारदात हुई थी। वारदात के वक्त पूरा परिवार वाराणसी में था। चोरी की जानकारी होने पर वह लखनऊ पहुंचे थे। जिसके बाद पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी थी। वह लगातार पुलिस के अधिकारियों के संपर्क में थे। पुलिस कमिश्नर डीके ठाकुर से भी इस संबंध में मुलाकात की थी।

एसीपी श्वेता श्रीवास्तव के मुताबिक रविवार को अंतिम बार बात हुई थी। उस समय उन्होंने सोमवार को वाराणसी में कार्यालय में फिर से ज्वाइन करने की बात कही थी। वहीं परिजनों के मुताबिक चोरी में काफी सामान चला गया था। खुलासा कराने के लिए पुलिस से लगातार संपर्क करते रहे। उन्होंने खुलासा करने वाली टीम को अपनी तरफ से 50 हजार रुपये का इनाम देने की भी घोषणा की थी। वारदात के बाद से वह डिप्रेशन में थे। इसी डिप्रेशन में उन्होंने यह कदम उठाया । हालांकि पुलिस अधिकारी जांच कर रहे हैं।
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