उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने लखनऊ शहर व आसपास के क्षेत्रों में बन रहीं सड़कों, रेलवे ओवरब्रिज (आरओबी), उपरिगामी पुलों और रिंग रोड के निर्माण कार्यों की प्रगति पर असंतोष जताया है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को तय समय सीमा के भीतर कार्य पूरा करने के साथ ही जमीनी स्तर पर काम दिखाने का निर्देश दिया है। उन्होंने बैठक में गैरहाजिर एलडीए व आवास विभाग के अधिकारियों को नोटिस दिए जाने के निर्देश दिए हैं।
उप मुख्यमंत्री बुधवार को लोनिवि मुख्यालय में स्थित तथागत सभागार में लखनऊ संसदीय क्षेत्र के विकास कार्यों की समीक्षा कर रहे थे। उन्होंने लखनऊ में बन रहे रिंग रोड के निर्माण में लखनऊ व बाराबंकी के अधिकारियों को लोनिवि, पशुपालन, विद्युत विभाग के अधिकारियों के साथ समन्वय बनाकर काम करने के निर्देश दिए।
कुकरैल नाले के तटबंध पर 6-लेन मार्ग के निर्माण की लागत केसंबंध में अधिशासी अभियंता द्वारा दी गई रिपोर्ट में अंतर पाए जाने पर उप मुख्यमंत्री ने अभियंता को जमकर फटकार लगाई और इस मार्ग पर रेलिंग का निर्माण समय से कराने का निर्देश दिया। अधिकारियों ने उप मुख्यमंत्री को जानकारी दी कि रिंग रोड कुकरैल नाले पर मार्ग के इंटरसेक्शन के डिजाइन का सीआरआरआई द्वारा जल्द ही निरीक्षण किया जाएगा।
अधिकारियों ने शारदा कैनाल के दोनों ओर फैजाबाद मार्ग से सुल्तानपुर मार्ग के बीच 3-3 लेन का मार्ग निर्माण, सीमैप इंस्टीट्यूट के पास पुलिया, महानगर-फरीदनगर मार्ग व खुर्रमनगर चौराहे से विकास नगर-रहीमनगर मार्ग को चौड़ा करने और शहीदपथ से एयरपोर्ट तक जाने वाले एलिवेटेड रोड के निर्माण की जानकारी ली।
बैठक में डीएम लखनऊ अभिषेक प्रकाश, डीएम बाराबंकी आदर्श सिंह, जल निगम के एमडी विकास गोठलवाल, सीडीओ लखनऊ मनीष बंसल, विभागाध्यक्ष लोनिवि आरसी बर्नवाल, प्रमुख अभियंता आरआर सिंह व एसके सिंह, राजकीय निर्माण निगम के एमडी यूके गहलोत, सेतु निगम के एमडी पीके कटियार, मुख्य अभियन्ता संजय गोयल समेत अन्य अधिकारी मौजूद थे।